Hazaribagh: जिला समाज कल्याण विभाग द्वारा जिले के सभी प्रखंडों के उच्च विद्यालयों में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किया गया. अभियान का मुख्य उद्देश्य किशोरियों एवं किशोरों को स्वास्थ्य, सुरक्षा, शिक्षा, लैंगिक समानता तथा विभिन्न सामाजिक मुद्दों के प्रति जागरूक एवं सशक्त बनाना रहा.

मासिक धर्म स्वच्छता और स्वास्थ्य पर जानकारी
कार्यक्रम के दौरान विशेष रूप से किशोरियों को मासिक धर्म एवं उससे जुड़ी भ्रांतियों, मासिक धर्म स्वच्छता एवं प्रबंधन, यौन एवं प्रजनन स्वास्थ्य, स्वास्थ्य एवं पोषण सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई. वहीं किशोरों के साथ नशीले पदार्थों एवं मादक द्रव्यों के सेवन के दुष्प्रभाव तथा नशे की रोकथाम पर संवाद किया गया.
विद्यालय स्तर पर किशोरों को नशे से दूर रखने एवं नशीले पदार्थों की रोकथाम के लिए जागरूकता फैलाने हेतु वालंटियर का चयन भी किया गया.
हेल्पलाइन और सरकारी सेवाओं की दी जानकारी
अभियान के अंतर्गत आयोजित जागरूकता सत्रों में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, बाल विवाह मुक्त भारत तथा सखी वन स्टॉप सेंटर जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं एवं अभियानों के बारे में भी जानकारी दी गई.
Also Read: हजारीबाग: बालपन के अधिकार की रक्षा एवं बाल संरक्षण को सुदृढ़ करने पर DC ने दिया जोर
बालिकाओं को अधिकारों के प्रति किया जागरूक
कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं को उनके अधिकार, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पोषण, मासिक धर्म स्वच्छता, बाल विवाह की रोकथाम, आत्मरक्षा एवं लैंगिक समानता के प्रति जागरूक किया गया.
साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं के विरुद्ध हिंसा की स्थिति में सखी वन स्टॉप सेंटर द्वारा उपलब्ध कराई जाने वाली कानूनी सहायता, चिकित्सीय सहायता, मनोसामाजिक परामर्श एवं अस्थायी आश्रय जैसी सेवाओं के बारे में विस्तार से बताया गया.
17 से 21 अगस्त तक चला अभियान
उल्लेखनीय है कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत 17 अगस्त से 21 अगस्त 2026 तक हजारीबाग जिले के विभिन्न विद्यालयों में विशेष जागरूकता अभियान संचालित किया गया. इस अभियान के माध्यम से किशोरियों को शिक्षा, सुरक्षा, स्वास्थ्य, आत्मरक्षा, लैंगिक समानता, बाल विवाह की रोकथाम तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं के प्रति जागरूक किया जा रहा है.
विशेषज्ञों ने लिया हिस्सा
अभियान के दौरान विद्यालयों में आयोजित विभिन्न गतिविधियों में अभिनव कुमार, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, सेंटर फॉर कैटालाइजिंग चेंज, आदित्य कुमार शाही, नीति आयोग, संजीत कुमार पांडे, UNICEF, विद्यालय के शिक्षकगण एवं अन्य संबंधित पदाधिकारियों एवं विशेषज्ञों ने सक्रिय रूप से भाग लिया.
सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य का संदेश
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं विशेषज्ञों ने किशोरियों को शिक्षा को प्राथमिकता देने, अपने स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के प्रति सजग रहने, आत्मनिर्भर बनने तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया. साथ ही उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ उठाते हुए अपने उज्ज्वल एवं सुरक्षित भविष्य के निर्माण के लिए प्रेरित किया गया. बेटी पढ़ेगी, सुरक्षित रहेगी और सशक्त बनेगी, तभी मजबूत एवं समावेशी समाज का निर्माण संभव होगा.

