Hazaribagh : जिले में बालू तस्करी का कारोबार एक बार फिर चर्चा में है. आरोप है कि सुबह-सुबह सड़कों पर बिना नंबर प्लेट के सैकड़ों बालू लदे वाहन बेखौफ दौड़ते हैं. तेज रफ्तार और नियमों की अनदेखी के कारण इन वाहनों से कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है. स्थानीय लोगों के अनुसार, पहले भी बालू लदे वाहनों की जल्दबाजी के कारण हादसे सामने आते रहे हैं.

बिना नंबर प्लेट दौड़ रहे वाहन
बताया जा रहा है कि कई बालू वाहन बिना नंबर प्लेट के ही सड़क पर चलते हैं. ऐसे वाहनों की पहचान करना और किसी दुर्घटना या अपराध की स्थिति में उनके मालिक अथवा चालक तक पहुंचना भी चुनौतीपूर्ण हो सकता है. इसके बावजूद कथित रूप से इन वाहनों का परिचालन लगातार जारी है.
वाहन चालकों के दावे से उठे गंभीर सवाल
बालू कारोबार से जुड़े कुछ लोगों से जब कथित अवैध वसूली और वाहनों के निर्बाध परिचालन को लेकर जानकारी लेने का प्रयास किया गया तो उन्होंने दावा किया कि वे प्रति माह थाना में तीन हजार रुपये और पेट्रोलिंग गाड़ी के कर्मियों को प्रतिदिन 100 रुपये देते हैं. हालांकि, इन दावों की पुष्टि नहीं हो सकी है. यदि यह दावा सही है तो मामला बेहद गंभीर है और इसकी निष्पक्ष जांच की आवश्यकता है. संबंधित थाना पुलिस और खनन विभाग से इस पूरे मामले में स्थिति स्पष्ट करने की अपेक्षा है.
बालू की कीमत बढ़ने के पीछे तस्करी का खेल?
स्थानीय स्तर पर यह सवाल भी उठ रहा है कि जो बालू पहले करीब एक हजार रुपये में उपलब्ध होता था, उसकी कीमत अब कई गुना बढ़कर करीब चार से पांच हजार रुपये प्रति ट्रैक्टर तक क्यों पहुंच गई है. आरोप है कि अवैध परिवहन, कथित वसूली और बिचौलियों के कारण बालू की कीमत लगातार बढ़ रही है.
पुलिस-खनन विभाग की कार्यशैली पर सवाल
जिले में कथित रूप से बड़े पैमाने पर चल रहे इस कारोबार के बावजूद पुलिस और खनन विभाग की सक्रियता पर सवाल खड़े हो रहे हैं. यदि रोजाना बड़ी संख्या में बिना नंबर प्लेट वाले वाहन बालू लेकर सड़कों पर निकल रहे हैं तो उनकी जांच और कार्रवाई क्यों नहीं हो रही, यह बड़ा सवाल है. अब जरूरत है कि प्रशासन पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, बिना नंबर प्लेट चल रहे वाहनों की पहचान और बालू के अवैध खनन और परिवहन में शामिल लोगों पर कार्रवाई करे. साथ ही, यदि किसी सरकारी कर्मचारी या पुलिसकर्मी के नाम पर अवैध वसूली का दावा किया गया है तो उसकी भी जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए.
Also Read : जामताड़ा: फेसबुक पर धार्मिक टिप्पणी के बाद थंडारडीह में तनाव, आरोपी गिरफ्तार

