चतरा: झारखंड में उग्रवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में पुलिस को मिली एक बड़ी सफलता के बाद, अब ऑपरेशन का नेतृत्व करने वाले अधिकारियों को सम्मानित किया जा रहा है. प्रतिबंधित नक्सली संगठन टीपीसी के रिजनल कमेटी सदस्य रविंद्र गंझू उर्फ आक्रमण गंझू की गिरफ्तारी में अहम भूमिका निभाने वाले दो पुलिस अधिकारियों के लिए पुरस्कार राशि की घोषणा की गई है. विभाग द्वारा गिरफ्तारी टीम के नेतृत्वकर्ताओं को पुरस्कृत करने का निर्णय लिया गया है जिनमें आईपीएस ऋत्विक श्रीवास्तव: तत्कालीन अभियान एसपी, चतरा (वर्तमान में सिटी एसपी, धनबाद) और संदीप सुमन: एसडीपीओ चतरा शामिल है.
इन दोनों अधिकारियों को एक-एक लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी. यह राशि सीधे उनके बैंक खातों में स्थानांतरित की जाएगी.

क्या था पूरा मामला?
बता दें कि कुख्यात उग्रवादी आक्रमण गंझू लंबे समय से पुलिस और एनआईए के रडार पर था. 2 मार्च 2025 को पुलिस ने एक सटीक सूचना के आधार पर चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र स्थित पतसुगिया पुल के पास घेराबंदी की थी. इस सफल ऑपरेशन में पुलिस ने न केवल आक्रमण गंझू को दबोचा, बल्कि उसकी पत्नी नीलम देवी और दो अन्य सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया. इस दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में, अवैध हथियारों का जखीरा बरामद किया था. आक्रमण गंझू झारखंड पुलिस के लिए मोस्ट वांटेड की सूची में था. उस पर कुल 18 लाख रुपये का इनाम घोषित था. झारखंड सरकार ने 15 लाख रुपये और एनआईए ने तीन लाख रुपये का इनाम घोषित किया था.
