Ranchi : भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने राज्य सरकार पर झारखंड के कथित ट्रेजरी महाघोटाले को दबाने का गंभीर आरोप लगाया है. मंगलवार को प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने सवाल उठाया कि क्या सरकारी खजाने से गायब 10,000 करोड़ का सीधा संबंध इसी घोटाले से है. उन्होंने वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर से इस पर स्पष्टीकरण मांगा है. शाहदेव ने सरकार की जांच प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि सीआईडी के बजाय पुलिस आईजी (मानवाधिकार) के नेतृत्व में एसआइटी का गठन संदेहास्पद है. उन्होंने आरोप लगाया कि जांच भटकाने की कोशिश की जा रही है. बार-बार कमेटियां और एसआईटी बनाकर मामले को लटकाया जा रहा है.
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साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़
बोकारो में एसपी के नाम पर 16 करोड़ की अवैध निकासी के खुलासे के बाद संबंधित अधिकारियों का अचानक तबादला और पिछली कमेटियों का एसआईटी में विलय रिपोर्ट दबाने की साजिश है. एसआईटी जांच के लिए कोई समय सीमा तय न करना मामले को ठंडे बस्ते में डालने जैसा है. भाजपा ने मांग की है कि इस घोटाले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच तत्काल सीबीआइ और ईडी को सौंपी जाए, ताकि बड़े “सफेदपोश” दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो सके.
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