Chatra : चतरा जिले में प्रचंड गर्मी से जूझ रहे लोगों को मंगलवार को उस वक्त बड़ी राहत मिली, जब तेज हवाओं के साथ हुई मूसलाधार बारिश से मौसम का मिजाज बदल गया. पारा करीब 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका था. बारिश के बाद तापमान अचानक करीब पांच डिग्री गिर गया. इससे लोग राहत की सांस ले रहे हैं. बारिश के साथ चली ठंडी हवाओं ने माहौल को सुहावना बना दिया. कई इलाकों में ओलावृष्टि (बर्फ की बारिश) भी हुई, जिससे मौसम और भी खुशनुमा हो गया. बारिश थमते ही लोग घरों से बाहर निकल आए और बाजारों में फिर से रौनक लौट आई.
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बारिश से मिली राहत, भीषण गर्मी में तप रहे थे लोग
बता दें कि बीते कई दिनों से भीषण गर्मी के कारण सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहता था, लेकिन मौसम बदलते ही शहर की रफ्तार फिर से पटरी पर लौटती दिखी. दुकानदारों के चेहरों पर भी रौनक नजर आई. हालांकि, इस बारिश ने नगर परिषद के सफाई अभियान के दावों की पोल खोल कर रख दी. शहर के कई हिस्सों में नालियों का गंदा पानी सड़कों पर फैल गया और जगह-जगह कचरे का अंबार लग गया. नालियों की सफाई नहीं होने के कारण बारिश का पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों पर बहने लगा, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा.

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मामूली बारिश में ही खुल गई नगर परिषद की पोल
शहरवासियों नें कहा कि बारिश के बाद गर्मी से राहत तो मिली, लेकिन सड़कों पर फैली गंदगी ने नगर परिषद की लापरवाही उजागर कर दी. हर साल यही हाल रहता है, लेकिन सुधार नहीं होता. कहा कि हल्की बारिश में ही नालियां उफनने लगती हैं. अगर समय रहते सफाई हो जाए तो ऐसी स्थिति नहीं बनेगी. नगर परिषद सिर्फ कागजों पर सफाई अभियान चलाती है. जमीनी हकीकत कुछ और ही है. बारिश ने सच्चाई सबके सामने ला दी है. मौसम ने जहां लोगों को राहत दी, वहीं शहर की सफाई व्यवस्था पर गंभीर सवाल भी खड़े कर दिए हैं.

