Dhanbad : भारत कोकिंग कोल लिमिटेड यानी BCCL के विभिन्न खनन क्षेत्रों में अवैध कोयला खनन और तस्करी का कारोबार लगातार जारी है. केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल CISF की तैनाती और सुरक्षा व्यवस्था के दावों के बावजूद तस्कर बेखौफ होकर कोयले का अवैध उत्खनन और परिवहन कर रहे हैं. धनबाद के बाघमारा, लोयाबाद, कतरास और झरिया इलाके इन दिनों अवैध कोयला कारोबार के बड़े केंद्र बने हुए हैं. स्थानीय सूत्रों के अनुसार रात होते ही कई माइंस क्षेत्रों में सैकड़ों साइकिल और मोटरसाइकिलों की आवाजाही शुरू हो जाती है. तस्कर सक्रिय खदानों में घुसकर कोयला निकालते हैं और फिर उसे आसपास के अवैध डंपिंग यार्ड तक पहुंचाते हैं. लोदना ओपी क्षेत्र के लोदना 12 नंबर बस्ती, एनएस छलछलिया धौड़ा बस्ती और जोरापोखर थाना क्षेत्र के बागडिगी तालाब के पास बड़े पैमाने पर अवैध कोयला भंडारण किए जाने की बात सामने आ रही है.

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फर्जी चालान के सहारे दूसरे राज्यों तक पहुंच रहा अवैध कोयला
बताया जा रहा है कि इन अवैध डंपिंग यार्ड से कोयले को बड़े ट्रकों में लोड कर बिहार, पश्चिम बंगाल और उत्तर प्रदेश तक भेजा जा रहा है. इस पूरे नेटवर्क को चलाने के लिए फर्जी चालान और कागजी हेरफेर का सहारा लिया जाता है. कई मामलों में एक ही वैध चालान का बार बार इस्तेमाल कर कई ट्रकों को पार कराया जाता है. स्थानीय लोगों का कहना है कि बेरोजगारी का फायदा उठाकर कोयला माफिया मजदूरों और युवाओं को इस अवैध कारोबार में शामिल कर रहे हैं. वहीं बिना सुरक्षा मानकों के किए जा रहे अवैध उत्खनन से चाल धंसने और गैस रिसाव जैसी बड़ी दुर्घटनाओं का खतरा भी लगातार बना हुआ है. लोगों का कहना है कि अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है. अब देखना होगा कि CISF और स्थानीय प्रशासन इस पूरे सिंडिकेट पर लगाम लगाने के लिए क्या कदम उठाते हैं.
