Palamu: मोहम्मदगंज थाना क्षेत्र के बटऊआ गांव स्थित चौहान टोला में मंगलवार देर रात मामूली विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया. आरोप है कि करीब 25 से 30 लोगों की उग्र भीड़ ने एक घर में घुसकर जमकर मारपीट की, जिसमें तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि कई महिलाओं, पुरुषों और बच्चों को भी चोटें आई हैं.

घटना में घायल हुए लोगों की पहचान श्यामलाल चौहान, सुरेश्वर चौहान और मनोज चौहान के रूप में की गई है. सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए पहले हुसैनाबाद अनुमंडलीय अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेदिनीनगर रेफर कर दिया है. इसके अलावा अन्य आंशिक रूप से घायल परिजनों का भी स्थानीय स्तर पर उपचार कराया गया है.
फोन पर गाली-गलौज से शुरू हुआ विवाद
पीड़ित परिवार के अनुसार, गोराडीह गांव निवासी रफी आलम, सोनू खान समेत कुछ लोग उनके घर के समीप खड़े होकर किसी से फोन पर गाली-गलौज कर रहे थे. जब परिवार के सदस्यों ने घर के पास ऐसा करने से मना किया, तो वे लोग उनसे भी उलझ गए और अभद्र व्यवहार करने लगे. आरोप है कि इसके बाद उन लोगों ने फोन करके अपने अन्य साथियों को बुला लिया और देखते ही देखते लाठी-डंडों से लैस होकर 25 से 30 लोग चौहान टोला पहुंच गए.
महिलाओं और बच्चियों से दुर्व्यवहार का आरोप
पीड़ितों का कहना है कि हमलावरों ने घर में घुसकर लाठी-डंडों से उन पर हमला कर दिया. इस दौरान महिलाओं और बच्चियों के साथ दुर्व्यवहार व छेड़खानी भी की गई और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई. हमले से जान बचाने के लिए परिवार के कई सदस्य भागकर पास के एक ईंट भट्ठे में छिप गए और वहीं से पुलिस को घटना की जानकारी दी. बताया जा रहा है कि पुलिस के पहुंचने से पहले ही सभी आरोपी मौके से भाग निकले.
पुलिस जांच में जुटी, आवेदन मिलने के बाद होगी प्राथमिकी
घटना की सूचना मिलते ही मोहम्मदगंज पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लेते हुए घायलों को अस्पताल भिजवाया. बुधवार को पीड़ित परिवार के सदस्य थाने पहुंचे और पुलिस अधिकारियों को पूरी आपबीती सुनाई. पारिवारिक सदस्यों के अशिक्षित होने के कारण समाचार लिखे जाने तक लिखित आवेदन देने की प्रक्रिया पूरी की जा रही थी. इस संबंध में थाना प्रभारी नारायण सोरेन ने बताया कि पुलिस घटना के सभी बिंदुओं की गंभीरता से जांच कर रही है. आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने स्पष्ट किया कि पीड़ित परिवार से लिखित आवेदन प्राप्त होते ही प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई और तेज कर दी जाएगी.
इधर, घटना को लेकर ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है. स्थानीय लोगों ने प्रशासन से आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी, पीड़ित परिवार को सुरक्षा मुहैया कराने और महिलाओं के साथ हुए दुर्व्यवहार की निष्पक्ष जांच की मांग की है. पुलिस शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए क्षेत्र में लगातार गश्त कर रही है और स्थिति पर नजर रखे हुए है.
