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रांची सदर अस्पताल में मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम के संचालन-रखरखाव के लिए टेंडर, 29 जून तक जमा होंगे EOI

Ranchi: सदर अस्पताल, रांची में मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम (MGPS) के संचालन और रखरखाव के लिए जिला प्रशासन ने एक वर्ष के...

Ranchi: सदर अस्पताल, रांची में मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम (MGPS) के संचालन और रखरखाव के लिए जिला प्रशासन ने एक वर्ष के व्यापक मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट के लिए शॉर्ट एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI) जारी किया है. यह टेंडर डिप्टी कमिश्नर-सह-जिला दंडाधिकारी, रांची के जिला योजना कार्यालय की ओर से जारी की गई है. टेंडर के अनुसार, एजेंसी को सदर अस्पताल के ऑक्सीजन सिस्टम, वैक्यूम सिस्टम, कंप्रेस्ड एयर सिस्टम, मॉनिटरिंग सिस्टम और संबंधित एक्सेसरीज़ के संचालन, निगरानी और नियमित रखरखाव की जिम्मेदारी दी जाएगी. यह कार्य 12 महीने के लिए होगा.

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50 हजार रुपये EMD, 29 जून को खुलेगी बोली

टेंडर में भाग लेने के लिए इच्छुक फर्मों/अधिकृत एजेंसियों/निर्माताओं को 50 हजार रुपये EMD डिमांड ड्राफ्ट के रूप में जमा करना होगा. EOI जमा करने की अंतिम तिथि 29 जून 2026 को सुबह 11:30 बजे निर्धारित की गई है, जबकि उसी दिन दोपहर 1:30 बजे बोली खोली जाएगी. टेंडर जमा करने का स्थान जिला योजना कार्यालय, विकास भवन, रांची तय किया गया है.

इन एजेंसियों को मिलेगा मौका

टेंडर शर्तों के मुताबिक आवेदक के पास GST, PAN, पिछले दो वर्षों का ITR, प्रॉफिट-लॉस स्टेटमेंट, टर्नओवर सर्टिफिकेट और ऑडिट रिपोर्ट होना अनिवार्य है. साथ ही एजेंसी को मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम के निर्माण, इंस्टॉलेशन या मेंटेनेंस से जुड़ा अनुभव होना चाहिए. आवेदक को Altos, Pii Healthcare या Multi Tech जैसी संबंधित निर्माता/अधिकृत प्रतिनिधि कंपनियों का अधिकृत प्रतिनिधि या सब-डीलर भी होना होगा. इसके अलावा, किसी भी राज्य या केंद्र सरकार के संस्थान/अस्पताल में ब्लैकलिस्टेड, डिबार या दंडित एजेंसी को निविदा में शामिल नहीं किया जाएगा. इस संबंध में शपथपत्र देना होगा.

झारखंड में काम कर चुकी एजेंसियों को प्राथमिकता

झारखंड में समान प्रकृति का कम-से-कम एक कार्यादेश पूरा कर चुकी एजेंसियों को प्राथमिकता दी जाएगी. सदर अस्पताल, झारखंड में पहले काम कर चुकी एजेंसियों को भी वरीयता मिलेगी. हालांकि, यह प्राथमिकता तभी लागू होगी जब अनुभवी एजेंसी और सबसे कम दर वाले बोलीदाता के बीच मूल्य अंतर 10 प्रतिशत तक हो.

क्या-क्या होगा मेंटेनेंस के दायरे में?

टेंडर के तहत एजेंसी को अस्पताल के मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम के कई महत्वपूर्ण हिस्सों की देखरेख करनी होगी. इनमें ऑक्सीजन प्रेशर रेगुलेटर, NRV, कंट्रोल पैनल, वैक्यूम पंप, बैक्टीरिया फिल्टर, एयर कंप्रेसर, एयर ड्रायर, प्रेशर रिड्यूसिंग स्टेशन, अलार्म सिस्टम, वैक्यूम रेगुलेटर, फ्लो मीटर और आइसोलेशन वाल्व शामिल हैं. एजेंसी को हर तिमाही प्रिवेंटिव सर्विसिंग, सिस्टम की फिजिकल इंस्पेक्शन, लीकेज चेकिंग, क्लीनिंग-डस्टिंग, माइनर रिपेयर और जरूरत पड़ने पर अनलिमिटेड ब्रेकडाउन कॉल अटेंड करनी होगी. साथ ही, ठेकेदार को 24 घंटे मैनपावर उपलब्ध कराकर मशीनों/उपकरणों का संचालन भी सुनिश्चित करना होगा.

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मेजर रिपेयर और स्पेयर पार्ट्स अलग से होंगे चार्जेबल

नियमित संचालन और छोटे-मोटे मरम्मत कार्य एजेंसी के दायरे में होंगे, लेकिन बड़े मरम्मत कार्य, सिस्टम शटडाउन, फिल्टर/रेगुलेटर बदलना या बड़े इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स की मरम्मत अलग से चार्जेबल होंगे. स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता निर्माता पर निर्भर रहेगी और अस्पताल स्टाफ की लापरवाही से किसी उपकरण के क्षतिग्रस्त होने पर उसका खर्च भी अलग से लिया जाएगा.

दो महीने के नोटिस पर रद्द हो सकता है अनुबंध

दस्तावेज़ के अनुसार, जिला प्रशासन, रांची का निर्णय अंतिम होगा. प्रशासन चाहे तो दो महीने के नोटिस पर अनुबंध रद्द कर सकता है. अनुबंध की अधिकतम अवधि मार्च 2027 तक बताई गई है, जिसे जिला प्रशासन की अनुमति से एक और वर्ष के लिए बढ़ाया जा सकता है.

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