Ranchi : अगर आपने पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड में निवेश किया है, तो यह खबर आपके लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. कंपनी ने उन शेयर धारकों के लिए एक विशेष सतर्कता संदेश जारी किया है, जिन्होंने पिछले सात वर्षों या उससे अधिक समय से अपने लाभांश का दावा नहीं किया है. यह न केवल आपके निवेश की सुरक्षा का मामला है, बल्कि एक बड़ा आर्थिक अवसर भी है. जिसे चूकना आपके लिए वित्तीय नुकसान का कारण बन सकता है.
क्या है पूरा मामला
सरकारी नियमों के तहत, अगर कोई शेयर धारक लगातार सात वर्षों तक अपने लाभांश का दावा नहीं करता है, तो कंपनी को विवश होकर उस शेयर धारक के शेयर और उससे संबंधित लाभांश को ‘विनिधानकर्ता शिक्षा और संरक्षण निधि’ प्राधिकरण के पास हस्तांतरित करना पड़ता है. पावर ग्रिड ने ऐसे सभी शेयरधारकों की सूची अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दी है. जिनके शेयर अक्टूबर 2026 में आइइपीएफ को स्थानांतरित किए जा सकते हैं.

अपना मुनाफा ऐसे सुरक्षित करें
आपके पास अभी भी अपने स्वामित्व को सुरक्षित करने का सुनहरा मौका है. कंपनी ने प्रभावित शेयरधारकों को 29 सितंबर 2026 तक का समय दिया है. सबसे पहले पावर ग्रिड वेबसाइट पर जाकर अपना नाम देखें. अगर आपका नाम सूची में है, तो कंपनी द्वारा आपको भेजे गए पत्र में वर्णित आवश्यक दस्तावेज जुटाएं. इन दस्तावेजों को कंपनी के रजिस्ट्रार और शेयर ट्रांसफर एजेंट, M/s KFin Technologies Ltd. को निर्धारित तिथि (29.09.2026) से पहले भेज दें. आप investors@powergrid.in पर ईमेल कर या einward.ris@kfintech.com पर संपर्क कर विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं.
निवेशकों के लिए अहम सुझाव
कंपनी ने सभी निवेशकों को सलाह दी है कि वे अपने पोर्टफोलियो को अपडेट रखें. अगर आपके शेयर डीमैट रूप में हैं, तो अपने डिपॉजिटरी प्रतिभागी के साथ अपने पते, बैंक खाते और नॉमिनेशन विवरण को तुरंत अपडेट कराएं. वहीं, यदि शेयर भौतिक रूप में हैं, तो केवाईसी अपडेट करना अनिवार्य है. 29 सितंबर 2026 के बाद कंपनी बिना किसी और सूचना के इन शेयरों को आइइपीएफ प्राधिकरण को हस्तांतरित कर देगी.
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