Koderma: जे.जे. कॉलेज बचाओ संघर्ष समिति, कोडरमा के उपाध्यक्ष वीरेंद्र कराटे के नेतृत्व में समिति के अध्यक्ष महेश भारती, सचिव देवेंद्र कुमार एवं सह सचिव मो. अली शाद ने संयुक्त रूप से “शिक्षा बचाओ, कोडरमा बचाओ, छात्रों-नौजवानों का भविष्य बचाओ” अभियान के तहत डोमचांच के इंटर कॉलेज, बैद्यनाथ प्रसाद स्नेही कॉलेज ऑफ एजुकेशन एवं विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक जनजागरण कार्यक्रम चलाया. अभियान के दौरान छात्र-छात्राओं, अभिभावकों एवं आम नागरिकों सहित डोमचांच नगर पंचायत अध्यक्ष उमेश वर्मा, प्रमुख सतनारायण यादव एवं अन्य जनप्रतिनिधियों से संपर्क कर जिले के सभी प्रकार के डिग्री कॉलेजों को विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से हटाकर सर जे.सी. बोस विश्वविद्यालय, गिरिडीह से संबद्ध करने के प्रस्ताव पर चर्चा की गई. इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने इस निर्णय के प्रति गहरा आक्रोश व्यक्त किया.
दूरी बढ़ने से छात्रों पर आर्थिक और समय का बोझ बढ़ने की आशंका
जनजागरण अभियान में लोगों ने कहा कि हजारीबाग की अपेक्षा गिरिडीह की दूरी अधिक होने से छात्रों पर आर्थिक एवं समय संबंधी अतिरिक्त बोझ पड़ेगा, जिससे गरीब एवं ग्रामीण पृष्ठभूमि के विद्यार्थियों को सबसे अधिक परेशानी होगी. अभिभावकों ने भी इस निर्णय को छात्रों के हितों के विपरीत बताते हुए पुनर्विचार की मांग की. अभियान के दौरान उपस्थित लोगों ने सरकार एवं जनप्रतिनिधियों के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि कोडरमा के छात्रों और युवाओं के भविष्य से जुड़े इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर जनभावनाओं की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए.

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निर्णय नहीं बदला तो आंदोलन होगा और व्यापक
संघर्ष समिति के नेताओं ने कहा कि यदि छात्रों के हित में निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा. उन्होंने कोडरमा जिले के सभी छात्र-छात्राओं, अभिभावकों, सामाजिक संगठनों एवं जागरूक नागरिकों से इस जनहित के आंदोलन में आगे आने की अपील की. मौके पर सचिव देवेंद्र कुमार ने कहा कि इस तरह का कार्यक्रम जारी रहेगा. इसकी व्यापक तैयारी एवं आगे की रणनीति बनाने हेतु शनिवार को झुमरी तिलैया में समिति की कोर कमेटी की बैठक रखी गई है, जिसमें विस्तार से चर्चा होगी.


