Bermo: बेरमो अनुमंडल के बोकारो थर्मल में DVC की निविदा के तहत होने वाले विकास कार्यों का हाल बेहाल है. हालात ये हैं कि संबंधित संवेदक या कार्यरत कंपनी पर डीवीसी प्रबंधन अथवा सिविल विभाग का कोई नियंत्रण नजर नहीं आ रहा है और न ही वे किसी की सुनने को तैयार हैं. इसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है. बता दें, स्थानीय उर्दू मजलिस स्थित अफजल अंसारी के घर से मिडिल स्कूल चैराहे तक STP (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) कार्य के तहत पाइप बिछाने के बाद रास्ते को जैसे-तैसे अधूरा छोड़ दिया गया है. इसके चलते पूरे मार्ग पर भारी कीचड़ और फिसलन पैदा हो गई है, जिससे राहगीरों को आवाजाही में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों, महिलाओं एवं स्कूली बच्चों के लिए स्थिति बेहद खतरनाक बनी हुई है और वहां हर पल बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी रहती है.
कंपनी ने रास्ते में छोड़ दिया है बड़ा गड्ढा
हद तो तब हो गई जब कंपनी ने काम समेटने के बाद अफजल अंसारी के घर के कोने पर, ठीक बीच रास्ते में ही एक बड़ा गड्ढा छोड़ दिया. इस गड्ढे में हर समय पानी भरा रहता है, जो रात के अंधेरे में राहगीरों के लिए जानलेवा साबित हो सकता है. नियम और प्रावधानों के मुताबिक, संबंधित कंपनी को कार्य समाप्त होने के बाद क्षतिग्रस्त की गई सड़क और रास्ते को पहले की तरह पूरी तरह दुरुस्त करना होता है. इसके बावजूद, इस मुख्य सड़क मार्ग को पिछले दो महीनों से भी ज्यादा समय से इसी तरह क्षतिग्रस्त, कीचड़युक्त और फिसलन भरा छोड़ दिया गया है. स्थानीय लोगों में डीवीसी प्रबंधन और कार्यदायी एजेंसी की इस घोर लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है. जब इस गंभीर मामले को लेकर डीवीसी के वरीय प्रबंधक सह कंस्ट्रक्शन हेड देव प्रसाद खां से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि वे फिलहाल बाहर हैं. उन्होंने आश्वासन दिया है कि लौटकर आने के बाद वे इस अधूरे कार्य को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करवाने का प्रयास करेंगे. अब देखना यह है कि प्रबंधन कब जागता है और स्थानीय लोगों को इस नारकीय स्थिति से मुक्ति मिलती है.



