Koderma: ऑनर किलिंग के एक मामले की सुनवाई करते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय राकेश चंद्रा की अदालत ने आरोपी भाई ज्योतिष पांडे (20 वर्ष) को हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई. साथ ही उस पर ₹25,000 का जुर्माना भी लगाया गया. वहीं साक्ष्य छिपाने में सहयोग करने के आरोपी पिता मदन पांडे (70 वर्ष) को तीन वर्ष के कारावास एवं ₹10,000 जुर्माने की सजा सुनाई गई.
2025 में दर्ज हुआ था मामला
मामला वर्ष 2025 का है. मृतका के भाई नीतीश पांडे ने मरकच्चो थाना में आवेदन देकर आरोप लगाया था कि उसकी नाबालिग बहन को कोई युवक भगा ले गया है. हालांकि पुलिस जांच में मामला पूरी तरह अलग निकला. जांच के दौरान खुलासा हुआ कि लड़की की हत्या उसके भाई ने ही की थी और शव को पंचखेरो नदी के किनारे बालू में दफना दिया गया था. साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से शव का सिर अलग कर दिया गया था तथा एक हाथ भी काट दिया गया था. तत्कालीन थाना प्रभारी सौरभ शर्मा के अनुसंधान में पूरे मामले का खुलासा हुआ और आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया.

लोक अभियोजक ने की कड़ी सजा की मांग
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से लोक अभियोजक प्रवीण कुमार सिंह ने सभी गवाहों का परीक्षण कराया और अपराध की गंभीरता को देखते हुए अदालत से आरोपियों को कठोरतम सजा देने का आग्रह किया. वहीं बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता अनवर हुसैन ने अपनी दलीलें पेश कीं. अदालत ने सभी गवाहों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद ज्योतिष पांडे को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास तथा मदन पांडे को साक्ष्य छिपाने में सहयोग करने का दोषी मानते हुए तीन वर्ष की सजा सुनाई.


