Bokaro: सदर अस्पताल के विशेष नवजात शिशु देखभाल इकाई (SNCU) में 1.3 किलोग्राम वजन के एक नवजात को गंभीर हालत में भर्ती कराया गया. यह नवजात 15 जून 2026 को जन्मे जुड़वां बच्चों में से एक था, जिसे श्वसन संबंधी दिक्कतों के कारण 20 जून को एसएनसीयू (SNCU) में लाया गया.
विशेषज्ञ देखभाल और उपचार से मिली राहत
अस्पताल के विशेषज्ञ डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ ने 24 घंटे निगरानी में नवजात का उपचार किया. उसे आवश्यक चिकित्सा सुविधा के साथ कंगारू मदर केयर (KMC) और स्तनपान आधारित देखभाल दी गई, जिससे उसकी स्थिति में धीरे-धीरे सुधार होने लगा.

वजन में वृद्धि और स्वास्थ्य में सुधार
उपचार के दौरान नवजात का वजन बढ़कर 1.50 किलोग्राम हो गया. साथ ही, श्वसन संबंधी सभी समस्याएं पूरी तरह समाप्त हो गईं, जिससे उसकी स्थिति स्थिर और सामान्य हो गई.
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अस्पताल की टीम की भूमिका
सिविल सर्जन के निर्देशन और सदर अस्पताल के उपाधीक्षक के मार्गदर्शन में एसएनसीयू टीम ने लगातार बेहतर उपचार प्रदान किया. डॉक्टरों ने परिजनों को केवल माँ का दूध पिलाने और कंगारू मदर केयर जारी रखने की सलाह दी.
विशेषज्ञ का बयान
उपचारकर्ता डॉ.R.K.दास ने बताया कि कम वजन वाले नवजातों के लिए समय पर उपचार, नियमित निगरानी, केएमसी और स्तनपान बेहद जरूरी है. उन्होंने कहा कि एसएनसीयू लगातार ऐसे गंभीर नवजातों को जीवन देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है.


