Chaibasa: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने अपने तीन दिवसीय कोल्हान प्रवास के दौरान मंगलवार रात चाईबासा सर्किट हाउस में शहर के प्रबुद्ध नागरिकों, शिक्षाविदों, चिकित्सकों, अधिवक्ताओं, व्यवसायियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर शहर की प्रमुख समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की. उन्होंने सभी सुझावों को गंभीरता से सुनते हुए भरोसा दिलाया कि जनहित से जुड़े मुद्दों को सरकार और संबंधित विभागों के समक्ष मजबूती से उठाकर उनके समाधान के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा. बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, पूर्व सांसद गीता कोड़ा, पूर्व मंत्री बड़कुवर गागराई, जे.बी. तुबिद सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे. कार्यक्रम का संचालन भाजपा जिला महामंत्री भूषण पाट पिंगुवा ने किया.
बैठक में इन मांगों को उठाया गया
बैठक में शहर की लीज संबंधी समस्याएं, बिजली और पेयजल संकट, सुरक्षा व्यवस्था, जोड़ा तालाब की सफाई व सौंदर्यीकरण, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार, शिक्षा व्यवस्था में सुधार, बंद पड़ी खदानों को पुनः शुरू करने, चाईबासा मेडिकल कॉलेज को शीघ्र चालू करने, तंबू चौक पर नो-एंट्री लागू कर ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने तथा रो-रो और कुजू नदी से वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था विकसित करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई.
DMFT राशि को प्राथमिकता से खर्च करने की मांग
बैठक में जिला खनिज प्रतिष्ठान (DMFT) फंड के उपयोग में पारदर्शिता और जवाबदेही का मुद्दा भी जोरदार ढंग से उठा. वक्ताओं ने शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, रोजगार और खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास पर DMFT राशि को प्राथमिकता से खर्च करने की मांग की. साथ ही शहर में बढ़ते अवैध अतिक्रमण, नशाखोरी और कानून-व्यवस्था को लेकर भी चिंता जताते हुए प्रभावी कार्रवाई की मांग की गई.
बैठक को संबोधित करते हुए बाबूलाल मरांडी ने कहा कि चाईबासा की जनता द्वारा उठाए गए सभी मुद्दे जनहित से जुड़े हैं. भाजपा इन समस्याओं को सरकार और संबंधित विभागों के समक्ष मजबूती से उठाएगी तथा चाईबासा के समग्र विकास और नागरिक सुविधाओं में सुधार के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी.
