Latehar : कस्तूरबा गांधी बालिका उच्च विद्यालय में उस समय हलचल तेज हो गई, जब माननीय विधायक प्रकाश राम के विशेष निर्देश पर विधायक प्रतिनिधि (शिक्षा, युवा कार्य एवं खेलकूद विभाग) अनिल कुमार प्रजापति ने विद्यालय का औचक निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान उनके सहयोगी पिंटू गुप्ता भी मौजूद रहे. औचक निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य विद्यालय में अध्ययनरत छात्राओं को मिल रही भोजन, आवास, स्वच्छता, शुद्ध पेयजल और खेलकूद जैसी बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति को धरातल पर जाकर परखना था. विधायक प्रतिनिधि ने विद्यालय के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण करते हुए व्यवस्थाओं की बारीकी से जानकारी ली.
बेटियों के भोजन की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं : विधायक प्रतिनिधि
निरीक्षण के दौरान रसोईघर में भोजन की गुणवत्ता, साफ-सफाई, दैनिक मेन्यू और छात्राओं को उपलब्ध कराए जा रहे खान-पान की व्यवस्था की जांच की गई. विधायक प्रतिनिधि ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि छात्राओं के स्वास्थ्य और पोषण से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा. भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता में लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी.
खेलकूद की सुविधाओं पर भी पैनी नजर
शिक्षा, युवा कार्य और खेलकूद विभाग के विधायक प्रतिनिधि होने के नाते अनिल कुमार प्रजापति ने छात्राओं के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए उपलब्ध खेल सुविधाओं की भी समीक्षा की. उन्होंने खेल सामग्री की उपलब्धता, खेल मैदान की स्थिति और छात्राओं की खेल गतिविधियों में भागीदारी की जानकारी ली. उन्होंने कहा कि पढ़ाई के साथ खेलकूद भी छात्राओं के सर्वांगीण विकास के लिए बेहद जरूरी है.
हॉस्टल और पेयजल व्यवस्था का भी लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान छात्रावास के कमरों, साफ-सफाई, स्वच्छता, शौचालय और शुद्ध पेयजल की व्यवस्था को भी देखा गया. छात्राओं से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और जरूरतों की जानकारी ली गई. छात्राओं द्वारा बताई गई समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए उनके समाधान के लिए आवश्यक पहल का भरोसा दिलाया गया.

लापरवाही बर्दाश्त नहीं, व्यवस्था में सुधार के दिए निर्देश
विधायक प्रतिनिधि अनिल कुमार प्रजापति ने कहा कि माननीय विधायक प्रकाश राम जी का स्पष्ट निर्देश है कि कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में रहने वाली बेटियों को सुरक्षित, स्वच्छ और बेहतर वातावरण मिले. इन बेटियों की शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और सुविधाओं से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता. विद्यालय की व्यवस्थाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने विद्यालय प्रशासन और संबंधित कर्मियों को छात्राओं की सुविधाओं को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक कमियों को शीघ्र दूर करने के निर्देश दिए. औचक निरीक्षण को लेकर विद्यालय प्रशासन में भी सक्रियता देखने को मिली. विधायक प्रतिनिधि ने कहा कि इस प्रकार के निरीक्षण का उद्देश्य किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि सरकारी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाना और छात्राओं को उनका अधिकार दिलाना है. उन्होंने उम्मीद जताई कि विद्यालय प्रशासन आगे भी छात्राओं की सुविधा, सुरक्षा और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के प्रति पूरी गंभीरता से कार्य करेगा.
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