बेरमो: बेरमो अनुमंडल के सीसीएल बोकारो-करगली प्रक्षेत्र अंतर्गत बंद पड़े कारो स्पेशल फेज दो प्रोजेक्ट में लगभग आधा दर्जन से भी ज्यादा स्थानों पर अवैध कोयले की माइंस चलाये जा रहें हैं. चलाये जा रहे कोयला के खदानों में जान जोखिम में डालकर कोयला के कारोबारी बाइक लेकर कोयला लेने खदान के अंदर काफी दूर तक चले जाते हैं और बोरियों में कोयला भर बाइक पर लादकर बाहर निकलते हैं. जिस अनुपात में अवैध कोयला का खनन हो रहा है, कभी भी चाल धंसने से बड़ी दुघर्टना के घटने से इंकार नहीं किया जा सकता है.

छापेमारी में पुलिस ने एक हजार बोरा कोयला किया था जब्त
प्रोजेक्ट में पांच नंबर खदान के पास जो कोयला का खनन हो रहा है, वहां से खासमहल परियोजना के पीओ का आवास महज आधा किलोमीटर से भी कम दूरी पर है. इसके अलावा, परियोजना के पुराने वाटर फिल्टर प्लांट एवं डिस्पेंसरी के पीछे की पहाड़ी पर छह खदानें चलाई जा रही हैं. पांच नंबर खदान से कोयले का खनन एवं उसे बारियों में जमाकर रखने की सूचना के बाद प्रक्षेत्र के जीएम के निर्देश पर 7 मार्च को सीआईएसएफ, सीसीएल के सुरक्षा कर्मियों एवं बोकारो थर्मल थाना की पुलिस ने छापेमारी कर लगभग एक हजार बोरा कोयला जब्त किया था.
अवैध माइंसों को भरवाने का कार्य जल्द ही किया जाएगा आरंभ
सीसीएल के एरिया सुरक्षा पदाधिकारी डी मांझी ने छापेमारी के बाद कहा था कि अवैध माइंस को जेसीबी से भर दिया जाएगा, लेकिन सुरक्षा पदाधिकारी ने माइंस को पूर्व की ही स्थिति में छोड़ दिया है. मामले को लेकर बोकारो के जिला खनन निरीक्षक सीताराम टुडू का कहना था कि सभी अवैध माइंसों को भरवाने का कार्य जल्द ही आरंभ किया जाएगा. कहा कि सीसीएल की अधिग्रहित जमीन पर अवैध माइंस चलाये जा रहें हैं तो सीसीएल प्रबंधन को इसे भरवाने का काम करना चाहिए.
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