Ranchi: AJSU पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो ने JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा. तंज कसते हुए सुदेश महतो कहा कि सरकार मामलों को लंबा खींचकर उन्हें ठंडे बस्ते में डालना चाहती है. केवल कुछ अधिकारियों से पूछताछ और कुछ गिरफ्तारियों से इतने बड़े मामले का समाधान नहीं होने वाला. आगे उन्होंने ने कहा कि सरकार को सबसे पहले JPSC और JSSC समेत सभी चयन आयोगों में कार्यरत पदाधिकारियों को हटाना चाहिए. उनकी जगह सेवानिवृत्त न्यायाधीशों और परीक्षा प्रणाली के विशेषज्ञों की एक स्वतंत्र टीम गठित कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए. उन्होंने कहा कि जांच किसी एक अधिकारी तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि पूरे सिस्टम और जिम्मेदार लोगों की भूमिका की भी जांच होनी चाहिए.
“सरकार सामने आकर जवाब दे”
सुदेश महतो ने कहा कि राज्य में इतने बड़े छात्र आंदोलन के बावजूद सरकार की ओर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं आया है. सरकार ने केवल CID को जांच सौंप दी, लेकिन मुख्यमंत्री या सरकार ने युवाओं के सवालों पर सीधे जवाब नहीं दिया. उन्होंने कहा कि सरकार को बताना चाहिए कि आगे की नियुक्तियां कैसे होंगी, भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता कैसे सुनिश्चित होगी और युवाओं का भरोसा कैसे बहाल किया जाएगा.
छात्रों के आंदोलन को समर्थन
सुदेश महतो ने कहा कि आजसू का छात्र और युवा संगठन लगातार आंदोलनरत अभ्यर्थियों के संपर्क में है. छात्र जिस प्रकार का सहयोग चाहेंगे, पार्टी उनके साथ उसी रूप में खड़ी रहेगी. उन्होंने कहा कि निष्पक्ष परीक्षा, पारदर्शी भर्ती और युवाओं को रोजगार दिलाना आजसू का प्रमुख एजेंडा है.
CID की जांच पर उठाए सवाल
सुदेश महतो ने कहा कि सरकार पहले यह बताए कि CID के पास कितने मामले लंबित हैं और अब तक कितने मामलों का सफल निष्पादन हुआ है. उन्होंने कहा कि केवल जांच की घोषणा से भरोसा नहीं बनता, बल्कि जांच एजेंसी का ट्रैक रिकॉर्ड भी जनता के सामने आना चाहिए.
JSSC मामले की भी हो निष्पक्ष जांच
सुदेश महतो ने कहा कि केवल JPSC नहीं, बल्कि JSSC भर्ती प्रक्रिया में लगे आरोपों की भी समान रूप से जांच होनी चाहिए. उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे भर्ती तंत्र की निष्पक्ष जांच आवश्यक है. सुदेश महतो ने कहा कि चयन आयोगों और अन्य महत्वपूर्ण संस्थानों में राजनीतिक नियुक्तियों के बजाय स्वतंत्र और अनुभवी विशेषज्ञों को जिम्मेदारी दी जानी चाहिए. इससे संस्थाओं की निष्पक्षता और विश्वसनीयता बनी रहेगी.
पूरे सिस्टम की जांच की मांग
सुदेश महतो ने कहा कि कुछ गिरफ्तारियों से मामला समाप्त नहीं हो जाएगा. पूरे भर्ती सिस्टम, चयन आयोगों और उससे जुड़े सभी जिम्मेदार लोगों की गहन जांच होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी अनियमितताओं की पुनरावृत्ति न हो. उन्होंने कहा कि राज्य के युवाओं का विश्वास बहाल करना सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है और इसके लिए पारदर्शी एवं निष्पक्ष कार्रवाई जरूरी है.

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