Bokaro: उपायुक्त अजय नाथ झा की अध्यक्षता में जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) की प्रबंधकीय समिति की बैठक आयोजित की गई. बैठक में जिले के समग्र विकास, सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार तथा विभिन्न लंबित योजनाओं के शीघ्र निष्पादन से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की गई.
बैठक में खनन प्रभावित क्षेत्रों (प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष), जिले के शेष प्रमुख सरकारी कार्यालयों, अस्पतालों, विद्यालयों, प्रखंड एवं अंचल कार्यालयों (बीडीओ/सीओ), थाना आदि के बाहरी परिसर तथा अन्य महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थलों और चौक-चौराहों पर आधुनिक सीसीटीवी निगरानी प्रणाली स्थापित करने के प्रस्ताव पर विशेष रूप से विचार किया गया, ताकि सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी एवं तकनीक आधारित बनाया जा सके. वहीं, डीएमएफटी से संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करते हुए जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए.
स्वास्थ्य सेवाओं और स्मार्ट पंचायत के प्रस्तावों पर हुई चर्चा
बैठक में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित क्षेत्रों के अनुमोदन, डीएमएफटी की वार्षिक प्रतिवेदन की स्वीकृति, स्मार्ट पंचायत से संबंधित प्रस्ताव तथा सिविल सर्जन-सह-मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा भेजे गए विभिन्न प्रस्तावों पर भी चर्चा हुई. स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने के उद्देश्य से ट्रॉमा सेंटर से जुड़े प्रस्तावों तथा स्वीकृत पदों के विरुद्ध कार्यरत पैरामेडिकल कर्मियों के मानदेय भुगतान से संबंधित विषयों पर भी विचार किया गया.
स्वीकृत प्रस्तावों को शीघ्र धरातल पर उतारने का निर्देश
बैठक के अंत में उपायुक्त ने सभी संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित करने तथा स्वीकृत प्रस्तावों को शीघ्र धरातल पर उतारने के लिए समन्वित प्रयास करने का निर्देश दिया. मौके पर पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा, उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, वन पदाधिकारी संदीप शिंदे, सिविल सर्जन डॉ. ए. बी. प्रसाद, जिला खनन पदाधिकारी रवि कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी प्रवीण रंजन, जिला शिक्षा अधीक्षक अतुल कुमार चौबे, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह, जेएएस प्रोबेशनर पदाधिकारी आदि उपस्थित थे.
