Palamu: जिला परिषद की एक महत्वपूर्ण बैठक जिला परिषद अध्यक्ष की अध्यक्षता में आयोजित की गई, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर उपस्थित थे. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले के विकास और स्थानीय समस्याओं पर चर्चा करना था. हालांकि, बैठक शुरू होने पर यह देखा गया कि कई महत्वपूर्ण विभागों के संबंधित पदाधिकारी और अधिकारी इसमें उपस्थित नहीं थे.
अनुपस्थिति पर वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने गहरा रोष व्यक्त किया
जनप्रतिनिधियों और जिले के महत्वपूर्ण सदस्यों की मौजूदगी में अधिकारियों की इस तरह की अनुपस्थिति पर वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने गहरा रोष व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि जिला परिषद की बैठक में अधिकारियों का उपस्थित न होना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है और यह जन प्रतिनिधियों के साथ-साथ जनता की समस्याओं के प्रति उनकी उदासीनता को दर्शाता है. उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक संबंधित विभागों के जिम्मेदार अधिकारी बैठक में मौजूद नहीं रहेंगे, तब तक चर्चा का कोई सार्थक परिणाम या फलअफसर नहीं निकल सकता.
जनता से जुड़े मुद्दों पर सही ढंग से चर्चा की जा सके
अधिकारियों के इस गैर-जिम्मेदाराना रवैये को देखते हुए वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने बैठक को आगे बढ़ाने से इनकार कर दिया. इसके बाद, सभी जिला परिषद सदस्यों ने एकमत होकर अपनी सहमति दी और बैठक को तत्काल प्रभाव से स्थगित कर दिया गया. वित्त मंत्री ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि अगली बार होने वाली बैठक में सभी संबंधित पदाधिकारियों को अनिवार्य रूप से उपस्थित होना होगा, ताकि जिले के विकास कार्यों और जनता से जुड़े मुद्दों पर सही ढंग से चर्चा की जा सके.
