Giridih: राज्यव्यापी निषिद्ध मादक पदार्थ विरोधी जन-जागरूकता अभियान के तहत गिरिडीह जिला प्रशासन नशामुक्त समाज के निर्माण की दिशा में लगातार प्रयासरत है. उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी श्री रामनिवास यादव के निर्देश पर जिले के विभिन्न प्रखंडों, पंचायतों और गांवों में व्यापक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं. अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक कर उन्हें स्वस्थ और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है.
नुक्कड़ नाटक और LED अभियान
इसी क्रम में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा जिले के सुदूरवर्ती और ग्रामीण क्षेत्रों में नुक्कड़ नाटक तथा एलईडी प्रचार वाहन के माध्यम से विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है. इन कार्यक्रमों के जरिए आम लोगों तक यह संदेश पहुंचाया जा रहा है कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार और पूरे समाज को भी प्रभावित करता है.

नशे की भयावहता का संदेश
नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से कलाकार प्रभावशाली अभिनय, गीत और संवादों के जरिए ग्रामीणों को नशे की भयावहता से अवगत करा रहे हैं. प्रस्तुतियों में दिखाया जा रहा है कि नशे की लत किस प्रकार व्यक्ति को आर्थिक संकट, पारिवारिक कलह, सामाजिक असुरक्षा और अपराध की ओर धकेल देती है. कलाकार लोगों को यह संदेश भी दे रहे हैं कि नशे से दूरी बनाकर ही स्वस्थ, समृद्ध और सम्मानजनक जीवन की ओर कदम बढ़ाया जा सकता है.
गांव-गांव पहुंच रहा संदेश
वहीं, एलईडी प्रचार वाहन के माध्यम से गांव-गांव जाकर नशे के दुष्परिणामों से संबंधित लघु फिल्में, जनहित संदेश और जागरूकता वीडियो प्रदर्शित किए जा रहे हैं. इन कार्यक्रमों में लोगों को बताया जा रहा है कि नशा एक गंभीर सामाजिक बुराई है, जिसके खिलाफ सामूहिक प्रयास और जनभागीदारी बेहद जरूरी है.
युवाओं और महिलाओं पर विशेष फोकस
अभियान के दौरान युवाओं, महिलाओं, विद्यार्थियों और ग्रामीणों को विशेष रूप से जागरूक किया जा रहा है. “नशा छोड़ें, परिवार जोड़ें”, “नशामुक्त गांव-समृद्ध गांव” और “स्वस्थ युवा-सशक्त राष्ट्र” जैसे प्रेरणादायी संदेशों के माध्यम से लोगों को नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है. साथ ही आमजनों से अपील की जा रही है कि वे स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार, मित्रों तथा आसपास के लोगों को भी इसके दुष्परिणामों के बारे में जागरूक करें.
Also Read: झारखंड की जेलों में पूर्व सैनिकों के लिए सीधी बहाली: 186 पदों पर ‘वॉक-इन इंटरव्यू’ 3 सितंबर को
उपायुक्त की अपील
उपायुक्त श्री रामनिवास यादव ने कहा कि नशामुक्त गिरिडीह और नशामुक्त झारखंड का सपना तभी साकार होगा, जब समाज का हर वर्ग इसमें सक्रिय भागीदारी निभाएगा. उन्होंने आम नागरिकों से इस अभियान को जन आंदोलन का स्वरूप देने की अपील करते हुए कहा कि सामाजिक जागरूकता और सामूहिक प्रयासों के बल पर ही नशे जैसी गंभीर समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है.
अभियान रहेगा जारी
जिला प्रशासन ने बताया कि आने वाले दिनों में भी जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन जारी रहेगा, ताकि नशामुक्ति का संदेश हर घर तक पहुंचे और एक स्वस्थ एवं सशक्त समाज का निर्माण हो सके.


