Click Here
Click Here
Click Here
Click Here
Click Here

गिरिडीह: दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि पर फुटबॉल टूर्नामेंट का शुभारंभ, मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने दी श्रद्धांजलि

Giridih: पद्म भूषण से सम्मानित दिवंगत दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर मंगलवार को गिरिडीह के झंडा मैदान...

Giridih: पद्म भूषण से सम्मानित दिवंगत दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर मंगलवार को गिरिडीह के झंडा मैदान में भव्य फुटबॉल टूर्नामेंट का शुभारंभ किया गया. कार्यक्रम में झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने गुरुजी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी और उनके संघर्षमय जीवन को नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बताया.

जनप्रतिनिधियों ने दी श्रद्धांजलि

इस अवसर पर गिरिडीह नगर निगम की महापौर प्रमिला मेहरा, उपमहापौर सुमित कुमार, गिरिडीह के उपायुक्त रामनिवास यादव, पुलिस अधीक्षक डॉ. विमल कुमार, झामुमो जिलाध्यक्ष संजय सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, खिलाड़ी, खेल प्रेमी और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे. सभी ने दिशोम गुरु के विचारों और उनके सामाजिक योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए.

मौन रखकर किया सम्मान

कार्यक्रम की शुरुआत गुरुजी के चित्र पर माल्यार्पण और दो मिनट का मौन रखकर की गई. इसके बाद अतिथियों ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और फुटबॉल टूर्नामेंट का विधिवत उद्घाटन किया. मैदान में खिलाड़ियों और दर्शकों के बीच उत्साह का माहौल देखने को मिला.

संघर्ष को बताया प्रेरणा

इस दौरान झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने संबोधन में कहा कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन ने अपना पूरा जीवन जल, जंगल, जमीन, आदिवासी-मूलवासी अस्मिता, सामाजिक न्याय और अलग झारखंड राज्य के निर्माण के संघर्ष को समर्पित किया. उनका त्याग, संघर्ष और जनसेवा का जीवन सदैव आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा. उन्होंने कहा कि झारखंड की पहचान, स्वाभिमान और अधिकारों की रक्षा के लिए गुरुजी द्वारा किया गया संघर्ष इतिहास में हमेशा स्वर्ण अक्षरों में दर्ज रहेगा.

खेलों से युवाओं को संदेश

मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने कहा कि झंडा मैदान में आयोजित यह फुटबॉल टूर्नामेंट केवल खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि दिशोम गुरु के आदर्शों और संघर्ष की विरासत को युवाओं तक पहुंचाने का एक सार्थक प्रयास है. उन्होंने कहा कि खेल युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, भाईचारे और सकारात्मक सोच का विकास करते हैं तथा समाज को एकजुट करने का सशक्त माध्यम हैं.

Also Read: JPSC-JSSC गड़बड़ियों के खिलाफ 7 अगस्त को छात्र संगठनों का विधानसभा मार्च

संकल्प के साथ समापन

उन्होंने खिलाड़ियों से खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में हिस्सा लेने की अपील करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं. साथ ही कहा कि दिशोम गुरु के बताए मार्ग पर चलकर सामाजिक न्याय, जनसेवा और झारखंड के सर्वांगीण विकास के संकल्प को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी.

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों ने दिशोम गुरु शिबू सोरेन के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने और समाजहित में कार्य करने का संकल्प लिया. झंडा मैदान में आयोजित इस टूर्नामेंट को लेकर खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में विशेष उत्साह देखा गया.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *