Hazaribagh: प्रेमी के घर के बाहर धरना देकर अपने प्यार को मुकाम तक पहुंचाने वाली युवती की जिद आखिरकार रंग लाई. घंटों चली सामाजिक पंचायत और दोनों पक्षों के बीच सहमति बनने के बाद रविदास महासभा की पहल पर प्रेमी धीरंजन राम और प्रेमिका निशा कुमारी का विवाह पूरे रीति-रिवाज के साथ बड़कागांव के रामजानकी मंदिर स्थित शिवालय में संपन्न कराया गया. विवाह समारोह में वर पक्ष की ओर से धीरंजन के पिता सुमेर राम, अनुज कुमार दास सहित परिजन मौजूद रहे, जबकि वधू पक्ष से निशा की मां एवं रविदास महासभा के प्रखंड सचिव रघुनाथ राम, नगर अध्यक्ष रामेश्वर राम, नगर सचिव राजू राम, आशीष आर्य, संतोष राम, सुनील कुमार, आकाश कुमार समेत कई लोग शामिल हुए. मंदिर में पुजारी चिंतामणि महतो और पुरोहित राजेंद्र तिवारी ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विवाह की सभी रस्में संपन्न कराईं.
स्कूल की दोस्ती कब बनी मोहब्बत, पता ही नहीं चला
परिजनों के अनुसार, वर्ष 2023 में बड़कागांव प्लस टू हाई स्कूल में पढ़ाई के दौरान धीरंजन राम और निशा कुमारी की दोस्ती हुई. समय के साथ यह दोस्ती प्रेम में बदल गई और दोनों लगातार मोबाइल पर बातचीत करने लगे. आरोप है कि शादी का भरोसा देकर धीरंजन ने कई बार निशा को अपने घर और रिश्तेदारों के यहां ले जाकर शारीरिक संबंध बनाए. बाद में उसने शादी से इनकार कर दिया, जिसके बाद मामला थाने तक पहुंचा. थाने में दोनों ने शादी करने की सहमति भी जताई थी.

दहेज विवाद के बाद प्रेमिका पहुंची प्रेमी के घर, धरने से बढ़ा दबाव
बताया गया कि शादी की बात आगे बढ़ने पर दहेज की मांग को लेकर विवाद खड़ा हो गया. आरोप है कि धीरंजन के परिजनों ने निशा को घर से भगा दिया. इसके बाद निशा सीधे आर एंड आर कॉलोनी स्थित प्रेमी के घर पहुंच गई और वहीं धरने पर बैठ गई. इस घटना के बाद इलाके में मामला चर्चा का विषय बन गया और सामाजिक दबाव बढ़ने पर धीरंजन के परिजनों ने उसे वापस बुला लिया.
दिनभर चली पंचायत, फिर हुआ शादी का फैसला
रविदास महासभा की प्रखंड इकाई ने पूरे दिन पंचायत कर दोनों पक्षों की बातें सुनीं. पंचायत में धीरंजन और निशा ने सार्वजनिक रूप से एक-दूसरे से विवाह करने की इच्छा जताई. इसके बाद समाज के लोगों ने दोनों का विवाह कराने का निर्णय लिया. पंचायत में पंचायत समिति सदस्य प्रभु राम, कृष्णा राम, पूर्व मुखिया दीपक दास, प्रखंड अध्यक्ष असेश्वर राम, सचिव रघुनाथ राम, नगर अध्यक्ष रामेश्वर राम, नगर सचिव राजू राम, अनुज कुमार दास, कीर्तन राम, संतोष राम, आकाश राम, सुनील कुमार सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे.
इलाके में चर्चा का विषय बनी अनोखी प्रेम कहानी
प्रेमी के घर धरना देने से लेकर सामाजिक पंचायत और अंततः मंदिर में विवाह तक की पूरी घटना बड़कागांव क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी रही. लोगों ने इसे सामाजिक हस्तक्षेप से सुलझे एक चर्चित प्रेम प्रसंग के रूप में देखा, जिसका अंत आखिरकार सात फेरों के साथ हुआ.
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