Jamshedpur: जिले के बिष्टुपुर स्थित ‘डबल डाउन’ (DD) बार के बाहर हुई हिंसक वारदात और करणी सेना के युवा नेता हिमांशु सिंह की निर्मम हत्या के मामले को झारखंड पुलिस मुख्यालय ने बेहद गंभीरता से लिया है. मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सीआईडी (CID) के एडीजी (ADG) मनोज कौशिक मंगलवार को खुद जमशेदपुर पहुंचे. उन्होंने जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की और अब तक की गई पुलिसिया कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट ली.
किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा: ADG
उच्चस्तरीय बैठक के दौरान एडीजी मनोज कौशिक ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि इस जघन्य अपराध में शामिल किसी भी अपराधी को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि मामले की जांच पूरी तरह से निष्पक्ष, पारदर्शी और साक्ष्य-आधारित होनी चाहिए, ताकि दोषियों को अदालत से सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सके.

मुस्तैदी न दिखाने वाले पुलिसकर्मियों पर होगी सख्त कार्रवाई
एडीजी ने मीडिया को बताया कि प्रारंभिक जांच में कुछ चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. घटना के वक्त मौके पर मौजूद या सूचना मिलने के बाद भी तत्परता और मुस्तैदी न दिखाने वाले कुछ स्थानीय पुलिसकर्मियों की घोर लापरवाही उजागर हुई है. जांच रिपोर्ट आते ही कर्तव्य में कोताही बरतने वाले और जिम्मेदारी से भागने वाले पुलिसकर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी.
तीन मुख्य आरोपी गिरफ्तार, भाजपा नेता नीरज सिंह समेत अन्य की तलाश तेज
अब तक हुई पुलिसिया कार्रवाई की जानकारी देते हुए एडीजी ने बताया कि इस हत्याकांड में संलिप्त तीन मुख्य आरोपियों को पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए गिरफ्तार कर लिया है. वहीं, बार के मालिक और भाजपा नेता नीरज सिंह समेत फरार चल रहे अन्य सह-आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस की कई विशेष टीमों का गठन किया गया है. ये टीमें आरोपियों के सभी संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं. पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी फरार आरोपी कानून की गिरफ्त में होंगे.
एडीजी ने स्वयं किया घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण
समीक्षा बैठक समाप्त होने के ठीक बाद एडीजी मनोज कौशिक स्वयं बिष्टुपुर स्थित विवादित ‘डबल डाउन’ बार पहुंचे. उन्होंने वारदात वाली जगह का बारीकी से निरीक्षण किया. एडीजी ने मौके पर उपस्थित अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम को समझा कि आखिर किन परिस्थितियों में आदित्यपुर निवासी हिमांशु सिंह और उनके साथी प्रत्यूष सिंह पर जानलेवा हमला हुआ था. उन्होंने फॉरेंसिक और स्थानीय साक्ष्यों को भी देखा तथा अधिकारियों को हर पहलू पर गहराई से जांच करने के कड़े निर्देश दिए. इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस मुख्यालय की सीधी दखल के बाद से स्थानीय पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है, और फरार आरोपियों पर शिकंजा कसने के लिए छापेमारी तेज कर दी गई है.


