Jamshedpur: चर्चित हिमांशु सिंह हत्याकांड में पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है, हालांकि यह कामयाबी सीधे तौर पर गिरफ्तारी के रूप में नहीं बल्कि आरोपी के बढ़ते दबाव के कारण आई है. मामले का मुख्य आरोपी और दो लाख का इनामी अपराधी विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा ने बुधवार को जमशेदपुर न्यायालय में चुपके से आत्मसमर्पण कर दिया. विश्वनाथ मंडल की गिरफ्तारी के लिए जमशेदपुर पुलिस लगातार छापेमारी कर रही थी और उस पर कानूनी शिकंजा कसता जा रहा था. खुद को चारों तरफ से घिरा देख और पुलिस के एनकाउंटर या कुर्की-जब्ती के डर से आरोपी ने अदालत की शरण लेना ही बेहतर समझा.

पुलिस ने घोषित किया था 2 लाख का इनाम:
हिमांशु हत्याकांड के बाद से ही विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा फरार चल रहा था. पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं. मामले की गंभीरता और आरोपी की संलिप्तता को देखते हुए झारखंड सरकार और जमशेदपुर पुलिस ने उस पर दो लाख का भारी-भरकम इनाम घोषित किया था. वह पुलिस की ‘मोस्ट वांटेड’ सूची में शामिल था.
क्या था पूरा मामला?
बता दें कि 27 जून की रात जमशेदपुर में हिमांशु सिंह नामक युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी.इस हत्याकांड ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए थे.जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि इस पूरी साजिश और हत्याकांड का मुख्य सूत्रधार विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा ही था. वारदात को अंजाम देने के बाद से ही वह भूमिगत हो गया था.
कोर्ट परिसर में सुरक्षा सख्त, पुलिस लेगी रिमांड पर:
विश्वनाथ मंडल के आत्मसमर्पण की खबर मिलते ही कोर्ट परिसर और आसपास के इलाकों में हलचल तेज हो गई. न्यायिक प्रक्रिया को पूरा करते हुए अदालत ने आरोपी को जेल भेजने का निर्देश दिया है. जमशेदपुर पुलिस अब आरोपी विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा को रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि रिमांड पर लेकर पूछताछ करने से हत्याकांड में इस्तेमाल किए गए हथियार, हत्या के वास्तविक कारणों और इसमें शामिल अन्य मददगारों के बारे में कई चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं.

