Report: Yogesh Kumar

Jamtara: जामताड़ा जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मनरेगा अंतर्गत कार्यरत दो प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारियों (BPO) को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया है. यह कार्रवाई उपायुक्त आलोक कुमार के निर्देश पर की गई है. उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी कार्यालय, जामताड़ा द्वारा जारी आदेश के अनुसार जामताड़ा प्रखंड के बीपीओ गोविंद प्रसाद घोष एवं नाला प्रखंड के बीपीओ नयन कुमार की नियुक्ति वर्ष 2023-24 के विज्ञापन के आधार पर हुई थी. नियुक्ति प्रक्रिया के दौरान दोनों ने PGDCA प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया था.
जनता दरबार में मिली थी शिकायत
जनता दरबार में शिकायत मिलने के बाद जिला प्रशासन ने मामले की जांच कराई. जांच समिति की रिपोर्ट में पाया गया कि दोनों अधिकारियों द्वारा जमा किया गया PGDCA प्रमाण पत्र सरकारी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय अथवा संस्थान से निर्गत नहीं था. जांच के दौरान दोनों अधिकारियों ने शपथ पत्र भी दिया था कि यदि प्रमाण पत्र में किसी प्रकार की त्रुटि या विसंगति पाई जाती है तो वे स्वयं जिम्मेदार होंगे. मामले में झारखंड उच्च न्यायालय में दायर याचिका W.P.(S) No. 4607 of 2024 तथा जांच समिति की रिपोर्ट के आलोक में जिला प्रशासन ने दोनों बीपीओ को सेवा से हटा दिया है. उपायुक्त आलोक कुमार ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा, कि दोनों बीपीओ को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया गया है तथा आगे की कार्रवाई भी जारी रहेगी.
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