Mujhaparpur: ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र के चांदनी चौक स्थित एक कबाड़ गोदाम में शुक्रवार देर रात भीषण आग लग गई. आग इतनी विकराल थी कि उसे बुझाने में फायर ब्रिगेड को करीब नौ घंटे तक लगातार मशक्कत करनी पड़ी. गोदाम के ठीक बगल में स्थित अपार्टमेंट में रहने वाले 100 से अधिक लोगों की जान पर खतरा मंडरा गया, हालांकि समय रहते सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.
14 दमकल गाड़ियों ने संभाला मोर्चा
आग लगने की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की 14 गाड़ियां और 40 से अधिक फायरकर्मी मौके पर पहुंचे. पूरी रात राहत एवं बचाव अभियान चलाया गया. आग पर काबू पाने के बाद भी एहतियात के तौर पर जेसीबी की मदद से जले हुए कबाड़ को हटाकर भीतर सुलग रही आग को पूरी तरह बुझाया गया, ताकि दोबारा आग न भड़क सके.

रिहायशी अपार्टमेंट तक आग पहुंचने से रोका गया
कबाड़ गोदाम के बिल्कुल सटे एक अपार्टमेंट के कारण फायर ब्रिगेड के सामने सबसे बड़ी चुनौती आग को रिहायशी इलाके तक फैलने से रोकना था. टीम ने चारों ओर से गोदाम को घेरकर आग पर नियंत्रण पाया. खतरे को देखते हुए अपार्टमेंट में रहने वाले सभी परिवार रात में ही अपने फ्लैट छोड़कर बाहर निकल आए. सुबह तक सैकड़ों लोग सड़क पर खड़े होकर हालात पर नजर बनाए रहे.
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प्लास्टिक के कबाड़ ने बढ़ाई मुश्किलें
फायर ऑफिसर राम निवास पांडेय ने बताया कि गोदाम में बड़ी मात्रा में प्लास्टिक का कबाड़ रखा हुआ था. इसी वजह से आग तेजी से फैलती रही और आसमान में धुएं का घना गुबार छा गया. प्लास्टिक में लगी आग बुझाने में फायरकर्मियों को काफी कठिनाई का सामना करना पड़ा.
शॉर्ट सर्किट नहीं, बीड़ी-सिगरेट से आग लगने की आशंका
फायर विभाग के अनुसार प्रारंभिक जांच में बिजली के शॉर्ट सर्किट से आग लगने की संभावना कम नजर आ रही है. आशंका जताई जा रही है कि किसी व्यक्ति द्वारा फेंकी गई जलती हुई बीड़ी या सिगरेट के कारण कबाड़ में आग लगी होगी. हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है.
लाखों रुपये का कबाड़ जलकर राख
इस हादसे में गोदाम में रखा लाखों रुपये मूल्य का कबाड़ जलकर पूरी तरह नष्ट हो गया. घटना के बाद सदमे में आए गोदाम मालिक की तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. वहीं, ब्रह्मपुरा थाना पुलिस पूरी रात मौके पर तैनात रही और भीड़ को नियंत्रित करने में जुटी रही.


