रांची: राज्य सरकार ने पांचों प्रमंडल दक्षिणी छोटानागपुर, उत्तरी छोटानागपुर, कोल्हान, पलामू एवं संथालपरगना के लिए एक-एक केंदू पत्ती सलाहकार समिति का गठन किया है. समिति का कार्यकाल दिनांक 30 जून 2026 तक होगा. समिति 30 जून 2026 को समाप्त होने वाले केंदू पत्ती मौसम वर्ष के लिए राज्य सरकार को प्रति मानक बोरा केंदू पत्ती का संग्रहण मूल्य निर्धारण करने के लिए अपना परामर्श देगी.

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क्या होगा समिति का काम
• समिति मौसम वर्ष के लिए जिस कीमत पर राज्य सरकार या उसके प्राधिकृत पदाधिकारी या एजेंट, उगाने वालों से या ग्रामीणों से केंदू पत्ती खरीद सकें, उस कीमत के संबंध में अपना परामर्श देगी.
• समिति राज्य सरकार की भूमि पर उगने वाली केंदू पत्ती या उससे भिन्न उगने वाली पत्ती के लिए अलग-अलग दरों के निर्धारण के लिए परामर्श देगी.
• समिति केंदू पत्ती की अधिसूचित मात्रा बढ़ाने के संबंध में परामर्श देगी.
• समिति राज्य में केंदू पत्ती की भंडारण क्षमता वृद्धि के संदर्भ में परामर्श देगी.
• समिति विगत वर्षों के अविक्रीत केंदू पत्ती लॉट की बिक्री नहीं होने के कारणों पर चर्चा करते हुए वर्तमान मौसम वर्ष में लॉटों की बिक्री किस प्रकार हो एवं अविक्रीत लॉट में संग्रहण किस प्रकार किए जाएं, इस पर परामर्श देगी.
• समिति संग्रहणकर्ताओं को संग्रहण मूल्य के भुगतान में सुधार संबंधी परामर्श देगी.
• समिति विकास मद के उपयोग की स्थिति पर परामर्श देगी.
• समिति के गैर-सरकारी सदस्य यात्रा-भत्ता के संबंध में प्रथम श्रेणी के पदाधिकारी के समकक्ष माने जाएंगे और उन्हें नियमानुसार दैनिक भत्ता देय होगा.
• समिति के गैर-सरकारी सदस्यों को यात्रा-भत्ता का भुगतान समिति के संयोजक-सह-सचिव-सह-महाप्रबंधक, झारखंड राज्य वन विकास निगम लिमिटेड, रांची, हजारीबाग और देवघर द्वारा किया जाएगा.
