रांची: झारखंड पुलिस के चर्चित पुलिस अधिकारी और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) में तैनात डीएसपी किशोर रजक अपने बेबाक बयानों को लेकर एक बार फिर सुर्खियों में हैं. सोशल मीडिया पर उनकी एक हालिया पोस्ट ने न्याय व्यवस्था और लोकतंत्र के स्तंभों पर एक नई बहस छेड़ दी है. हाल ही में उन्होंने सोशल मीडिया पर एक ऐसी पोस्ट साझा की है, जो व्यवस्था के भीतर बैठे पावर सेंटर्स की जवाबदेही पर बड़े सवाल खड़े करती है.
क्या लिखा डीएसपी किशोर रजक ने ?
किशोर रजक ने अपनी पोस्ट के जरिए देश को महान’ बनाने की एक नई परिभाषा साझा की. उन्होंने न्यायपालिका, कार्यपालिका और मीडिया की कार्यप्रणाली पर कटाक्ष करते हुए लिखा है कि जिस दिन झूठे केस में फंसाने पर पुलिस को, झूठी दलील देने पर वकील को, गलत फ़ैसला देने पर जज को और झूठी खबर चलाने पर मीडिया को सजा मिलेगी, उस दिन हमारा देश महान बन जाएगा. डीएसपी यह टिप्पणी समाज के उन चार मुख्य वर्गों की ओर इशारा करती है, जिन पर न्याय और सच्चाई को बनाए रखने की जिम्मेदारी होती है.
ALSO READ: 10 अप्रैल से टोल प्लाजा पर कैश खत्म, FASTag और डिजिटल पेमेंट होंगे अनिवार्य
