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EXCLUSIVE: झारखंड पुलिस डायल-112 की बड़ी सफलता: 10 मिनट से भी कम समय में आम लोगों को पहुंच रही मदद

Ranchi: झारखंड में आपातकालीन प्रतिक्रिया सहायता प्रणाली (ERSS) यानी डायल-112 सेवा आम जनता के लिए एक भरोसेमंद साथी बनकर उभरी है. पिछले...

Ranchi: झारखंड में आपातकालीन प्रतिक्रिया सहायता प्रणाली (ERSS) यानी डायल-112 सेवा आम जनता के लिए एक भरोसेमंद साथी बनकर उभरी है. पिछले कुछ वर्षों के आंकड़ों और पुलिस द्वारा उठाए गए आधुनिक कदमों ने राज्य में आपातकालीन सेवाओं की तस्वीर बदल दी है.

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प्रतिक्रिया समय मे सुधार: 26 मिनट से घटकर 9 मिनट हुआ समय

– झारखंड पुलिस के आंकड़ों के अनुसार, आपातकालीन घटनाओं पर पुलिस की प्रतिक्रिया देने की गति में जबरदस्त सुधार हुआ है.

– साल 2020 में जहां पुलिस को घटनास्थल तक पहुंचने में औसतन 26.38 मिनट लगते थे, वहीं 2025 में यह समय घटकर 13.18 मिनट रह गया.

– साल 2026 की शुरुआत (जनवरी से अप्रैल) में यह सेवा और भी तेज हुई है, जिसमें अब औसत रिस्पांस टाइम मात्र 09.45 मिनट दर्ज किया गया है.

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बढ़ता जन-विश्वास: एक्शन योग्य घटनाओं में वृद्धि

जनता के बीच बढ़ती जागरूकता और सिस्टम पर भरोसे का प्रमाण ‘एक्शन योग्य घटनाओं की बढ़ती संख्या से मिलता है. साल 2020 में केवल 4,496 घटनाओं पर कार्रवाई हुई थी.
साल 2025 में यह संख्या बढ़कर 161,602 हो गई.
इसके अलावा 2026 के शुरुआती चार महीनों में ही अब तक 71,481 घटनाओं पर पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई की जा चुकी है.

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सिस्टम को आधुनिक बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं

– वाहनों का अपग्रेडेशन: 320 पुलिस वाहनों को मोबाइल डेटा टर्मिनल स्मार्टफोन और जीपीएस ट्रैकर से लैस किया गया है.

– उपकरणों का वितरण: राज्य के विभिन्न थानों, हाईवे पेट्रोलिंग और फायर ब्रिगेड को कुल 932 टैब और स्मार्टफोन उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि सूचना मिलते ही कार्रवाई शुरू हो सके. पुराने उपकरणों को नए और आधुनिक टैब से बदला जा रहा है.

– नया कमांड सेंटर: डायल-112 के सर्वर सेटअप का काम पूरा हो चुका है और अब इसे रांची स्थित नवनिर्मित कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में स्थानांतरित किया जा रहा है.

– फीडबैक सिस्टम: सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने के लिए केंद्रीय डेस्क, रांची से सीधे शिकायतकर्ताओं को फोन कर उनकी संतुष्टि का फीडबैक लिया जा रहा है.

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जिला-वार प्रदर्शन (2026 का हाल)

साल 2026 के आंकड़ों के अनुसार जामताड़ा (औसत 7:59 मिनट) और।लातेहार (औसत 7:45 मिनट) जैसे जिलों ने मार्च और फरवरी के महीनों में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सबसे तेज रिस्पांस दिया है. राजधानी रांची में घटनाओं का भार सबसे अधिक होने के बावजूद रिस्पांस समय को नियंत्रित रखने का प्रयास किया जा रहा है.

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