Chakradharpur: शहर के मां अमिया देवी मेमोरियल पब्लिक स्कूल परिसर में शनिवार को गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर की 165वीं जयंती बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाई गई. कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय की प्रधानाचार्या माधुरी प्रमाणिक ने दीप प्रज्वलित कर किया.
टैगोर के विचार आज भी प्रासंगिक
दीप प्रज्वलन के बाद प्रधानाचार्या माधुरी प्रमाणिक ने विद्यार्थियों को रवींद्रनाथ टैगोर के जीवन, उनके आदर्शों और उनकी कालजयी रचनाओं से अवगत कराया. उन्होंने कहा कि टैगोर का साहित्य और संगीत आज भी समाज के लिए प्रासंगिक है.

उन्होंने कहा कि गुरुदेव का व्यक्तित्व बहुआयामी था. उनके विचार आज भी हमें अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाने की शक्ति रखते हैं. शिक्षा का असली उद्देश्य मनुष्य का आंतरिक विकास है और यही टैगोर जी का मूल मंत्र था.
बच्चों ने दी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
इस अवसर पर विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए. बच्चों ने टैगोर के गीतों पर मनमोहक नृत्य और गायन की प्रस्तुति देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया.
अभिभावक भी रहे मौजूद
कार्यक्रम में विद्यालय के निदेशक प्रबीर कुमार प्रमाणिक सहित सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं. कार्यक्रम का समापन प्रधानाचार्या के आशीर्वचन के साथ हुआ. उन्होंने बच्चों को टैगोर के बताए मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी. इस मौके पर विद्यालय के सभी शिक्षक, छात्र-छात्राएं एवं अभिभावक मौजूद रहे.
