Saraikela: सरायकेला-खरसावां जिले के नीमडीह प्रखंड में शनिवार देर शाम आई तेज आंधी-तूफान और झमाझम बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया. जामडीह गांव में हरी मंदिर के निकट एक विशाल इमली का पेड़ गिरने से जामडीह-गुण्डा स्टेशन रोड पर आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया. साथ ही क्षेत्र बिजली गुल होने ने हाथी की डर लगा रहता है कि ना जाने कब हाथी का झुंड भोजन की तलाश में गांव में प्रवेश कर जाय. ग्रामीण रात में भयभीत रहते हैं.
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मकान को पहुंचा नुकसान
पेड़ गिरने से पास में स्थित मधुसूदन सिंह का मकान भी क्षतिग्रस्त हो गया. गनीमत रही कि हादसे के वक्त घर में कोई मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया. बिजली गिरने का डर बना रहता है. स्थानीय लोगों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से शाम के समय अचानक तेज आंधी-तूफान के साथ बिजली की कड़कड़ाहट से आसमान गूंज उठता है. लगातार हो रही गर्जन-तर्जन से लोग डरे हुए हैं और शाम ढलते ही घरों से बाहर निकलने से कतरा रहे हैं.
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राहगीर परेशान
पेड़ गिरने से मुख्य सड़क बंद होने के कारण वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द पेड़ हटवाकर यातायात बहाल करने और क्षतिग्रस्त मकान का मुआवजा देने की मांग की है. मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे में जिले के कुछ हिस्सों में और बारिश व तेज हवाओं की संभावना जताई है. प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और पेड़ों के नीचे शरण न लेने की अपील की है.
