Ranchi: लालपुर थाना क्षेत्र में सरकारी कार्यालय के अंदर घुसकर अधिकारियों के साथ मारपीट करने, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग कर अपमानित करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का एक गंभीर मामला सामने आया है. घटना को लेकर भवन निर्माण विभाग (भवन प्रमंडल संख्या-2, रांची) के आकलन पदाधिकारी रमेश टुडू ने लालपुर थाना प्रभारी को लिखित शिकायत देकर प्राथमिकी दर्ज कराई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने सुसंगत धाराओं और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम (SC/ST Act) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

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टेंडर की जानकारी न देने पर भड़के संवेदक
दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, घटना 16 मई को दोपहर लगभग 1:30 बजे की है. पीड़ित आकलन पदाधिकारी रमेश टुडू अपने कार्यालय कक्ष में बैठकर रोजमर्रा के सरकारी कार्यों का निपटारा कर रहे थे. इसी दौरान अचानक दो कॉन्ट्रैक्टर राणा रणजीत सिंह (निवासी: रातु, रांची) और राणा संजीव कुमार सिंह (निवासी: चिरौंदी, भवानी नगर, रांची) उनके चेंबर में जबरन दाखिल हो गए. दोनों संवेदक पिछले दिन यानी 15 मई को निकाली गई एक टेंडर के संबंध में अनाधिकृत रूप से जानकारी देने का दबाव बनाने लगे. जब अधिकारी ने नियमों का हवाला देते हुए इस तरह गोपनीय व अनाधिकृत जानकारी देने से मना कर दिया, तो दोनों संवेदक उग्र हो गए और अभद्र व्यवहार करने लगे.
जातिसूचक गलियां दीं और कहा, ‘जंगली ऑफिस में काम करने लायक नहीं’
पीड़ित अधिकारी का आरोप है कि मना करने पर दोनों आरोपियों ने उनके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी. उन्होंने अत्यंत आपत्तिजनक और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा, ‘कौन कुकुर आदिवासी जंगली तुमको पदाधिकारी किसने बनाया, तुम संथाली लोग जंगली ऑफिस में काम करने लायक नहीं हो.’ जब रमेश ने इन अपमानजनक शब्दों और दुर्व्यवहार का विरोध किया, तो दोनों संवेदक हाथापाई पर उतारू हो गए. वे अधिकारी पर टूट पड़े और उन्हें लात, घूंसे तथा थप्पड़ थप्पड़ से बुरी तरह पीटना शुरू कर दिया. बीच-बचाव करने आए कार्यालय के प्राक्कलक को भी इस मारपीट में गंभीर चोटें आईं. मारपीट के दौरान आरोपियों ने कार्यालय की गरिमा को ताक पर रखकर कई महत्वपूर्ण सरकारी दस्तावेजों को फाड़ दिया और नुकसान पहुंचाया.
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जान से मारने की धमकी देकर हुए फरार
कार्यालय के भीतर मचे शोर-शराबे और हुल्लड़ की आवाज सुनकर जब बगल के कमरों से अन्य सरकारी कर्मचारी और कुछ अन्य संवेदक दौड़कर रमेश के चेंबर में पहुंचे, तब जाकर आरोपियों के चंगुल से उन्हें बचाया जा सका. खुद को घिरता देख दोनों आरोपी जाते-जाते पीड़ित अधिकारियों को जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए. लालपुर थाना पुलिस ने इस संबंध में केस नंबर 97/26। दर्ज कर लिया है.
