Bokaro: कसमार प्रखंड मुख्यालय मंगलवार को उस समय राजनीतिक गर्मी से तप उठा, जब भाजपा कार्यकर्ताओं ने किसानों के मुद्दे को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया. नारों की गूंज और बैनरों के बीच सरकार के खिलाफ आक्रोश साफ दिखाई दिया. धरना कार्यक्रम की अगुवाई प्रखंड अध्यक्ष सुरेंद्र महतो ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व सांसद रवींद्र पांडेय मौजूद रहे. कार्यक्रम के प्रभारी भाजपा नेता मनोज कुमार ठाकुर ने मंच संभालते ही राज्य सरकार पर सीधा हमला बोला.

किसानों को नहीं मिला न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का भुगतान
मनोज ठाकुर ने आरोप लगाया कि हेमंत सोरेन की सरकार किसानों के साथ लगातार वादाखिलाफी कर रही है. उन्होंने कहा कि किसानों ने पैक्स के जरिए धान तो बेच दिया, लेकिन आज तक उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का भुगतान नहीं मिला. इससे किसानों की आर्थिक स्थिति और खराब हो गई है. उन्होंने आगे कहा कि हालिया ओलावृष्टि में जिन किसानों की फसलें बर्बाद हुईं, उन्हें न तो मुआवजा मिला और न ही कोई ठोस राहत. सरकार ने कर्ज माफी, फसल बीमा, सिंचाई सुविधा और समर्थन मूल्य के नाम पर सिर्फ भरोसा दिया, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही है.
धरना स्थल पर मौजूद कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और चेतावनी दी, कि अगर किसानों को जल्द न्याय नहीं मिला, तो भाजपा चरणबद्ध आंदोलन छेड़ेगी.
प्रदर्शन में ये रहे शामिल
इस प्रदर्शन में यदुनंदन जायसवाल, आनंद महतो, प्रताप सिंह, एमएस मुखर्जी, कैलाश करमाली, कृष्ण किशोर जायसवाल समेत बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय लोग शामिल हुए. महिलाओं की भी उल्लेखनीय भागीदारी रही, जिससे आंदोलन को और मजबूती मिली.
कुल मिलाकर, कसमार का यह धरना सिर्फ एक विरोध नहीं, बल्कि किसानों के मुद्दों को लेकर बढ़ते असंतोष का संकेत बन गया है. अब देखना दिलचस्प होगा, कि सरकार इस पर क्या कदम उठाती है या फिर यह आंदोलन और बड़ा रूप लेता है.
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