Ranchi: राजधानी रांची में आज ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में शहर के सभी छोटे-बड़े मेडिकल स्टोर बंद हैं. दवा दुकानदारों की इस हड़ताल का सीधा असर मरीजों और उनके परिजनों पर देखने को मिल रहा है. सुबह से ही लोग जरूरी दवाइयों के लिए एक दुकान से दूसरी दुकान भटकते नजर आए. खासकर बुजुर्ग, गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीज और छोटे बच्चों के परिजन ज्यादा परेशान दिखे. दवा दुकानदारों का कहना है कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए दवाइयों की बिक्री लगातार बढ़ रही है, जिससे स्थानीय मेडिकल दुकानदारों का कारोबार प्रभावित हो रहा है. उनका आरोप है कि कई ऑनलाइन कंपनियां नियमों की अनदेखी कर भारी छूट देकर दवाइयां बेच रही हैं, जिससे पारंपरिक मेडिकल दुकानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है. इसी के विरोध में दवा दुकानदारों ने एकजुट होकर बंदी का आह्वान किया.

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दवा दुकानदारों ने कहा- भविष्य बचाने के लिए हड़ताल
हड़ताल का असर राजधानी के बड़े अस्पतालों के आसपास भी साफ देखने को मिल रहा है. अस्पतालों में इलाज कराने पहुंचे मरीजों को डॉक्टर द्वारा लिखी गई दवाइयां नहीं मिल पाने से काफी परेशानी हो रही है. मरीजों को बिना दवा लिए ही वापस लौटना पड़ रहा है. अस्पतालों में भर्ती मरीजों के परिजनों को भी मेडिकल स्टोर बंद होने से जरूरी इंजेक्शन, जीवनरक्षक दवाइयां और रोजाना इस्तेमाल की दवाइयां खरीदने में काफी दिक्कत हो रही है. दूसरी ओर दवा दुकानदारों का कहना है कि उनका आंदोलन किसी मरीज को परेशान करने के लिए नहीं, बल्कि अपने व्यवसाय और भविष्य को बचाने के लिए है. उन्होंने सरकार से ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियम लागू करने और स्थानीय मेडिकल दुकानों के हितों की रक्षा करने की मांग की है.

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