Ranchi: विश्व मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन दिवस के अवसर पर रांची जिला प्रशासन की ओर से समाहरणालय स्थित ब्लॉक-बी सभागार में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. इस वर्ष कार्यक्रम की थीम “चुप्पी तोड़ो, स्वस्थ रहो” रही, जिसका उद्देश्य मासिक धर्म से जुड़ी झिझक और सामाजिक भ्रांतियों को दूर कर किशोरियों एवं महिलाओं को स्वास्थ्य और स्वच्छता के प्रति जागरूक बनाना था. कार्यक्रम की अध्यक्षता उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री ने की. उन्होंने कहा कि मासिक धर्म महिलाओं के जीवन की एक सामान्य और प्राकृतिक प्रक्रिया है, इसलिए इससे जुड़े मिथकों और गलत धारणाओं को समाप्त करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है.
सेहत और स्वच्छता के प्रति सजग रहने पर जोर
इस अवसर पर पहली बार मासिक धर्म का अनुभव करने वाली किशोरियों को विशेष रूप से सम्मानित और प्रोत्साहित किया गया. उन्हें हाइजीन एवं पोषण किट प्रदान की गई ताकि वे स्वास्थ्य और स्वच्छता के प्रति सजग रह सकें. जिला प्रशासन ने बालिकाओं की सुविधा के लिए जिले के सभी कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों को 16 सैनिटरी नैपकिन वेंडिंग मशीनें उपलब्ध कराईं. वहीं, कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय, कांके को सैनिटरी नैपकिन डिस्पोजर मशीन भी सौंपी गई.
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स्लोगन लेखन प्रतियोगिता, बेहतर करने वाली छात्राएं पुरस्कृत
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित छात्राओं को महावारी स्वच्छता की शपथ दिलाई गई और सैनिटरी पैड वितरित किए गए. साथ ही मासिक धर्म स्वच्छता विषय पर स्लोगन लेखन प्रतियोगिता का भी आयोजन हुआ, जिसमें बेहतर प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को पुरस्कृत किया गया. मौके पर उप विकास आयुक्त संजय भगत, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सुरभि सिंह, विभिन्न कस्तूरबा विद्यालयों की छात्राएं, शिक्षिकाएं, महिला पर्यवेक्षिकाएं, सीडीपीओ एवं अन्य अधिकारी कार्यक्रम में मौजूद रहे.



