Hazaribagh: यात्रियों को स्वच्छ और बेहतर यात्रा अनुभव देने के लिए भारतीय रेलवे ट्रेनों में ऑन बोर्ड हाउसकीपिंग सर्विस व्यवस्था को और सुदृढ़ करने जा रहा है. पूर्व मध्य रेलवे के हाजीपुर मुख्यालय के अंतर्गत धनबाद, डीडीयू समेत अन्य मंडलों की 78 ट्रेनों में जल्द ही छह सफाईकर्मियों और दो सुपरवाइजरों की तैनाती की जाएगी. रेलवे बोर्ड के निर्देश पर पूर्व मध्य रेलवे प्रशासन इस नई व्यवस्था का प्रस्ताव तैयार कर रहा है. इसके लागू होने के बाद ट्रेनों में साफ-सफाई की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है.

हर तीन कोच पर रहेगा एक सफाईकर्मी
नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक तीन कोच पर एक सफाईकर्मी तैनात किया जाएगा. सफाईकर्मियों के पास वाइपर, डस्टर, कपड़ा, डिस्पोजल बैग, कमोड ब्रश तथा विभिन्न सफाई रसायन जैसे सभी आवश्यक उपकरण उपलब्ध रहेंगे. यात्रा के दौरान ये कर्मचारी लगातार कोचों और शौचालयों की सफाई सुनिश्चित करेंगे. वर्तमान में चार कोचों पर एक सफाईकर्मी की जिम्मेदारी होती है तथा अधिकतम चार सफाईकर्मी और एक सुपरवाइजर ही ट्रेन के साथ चलते हैं. बढ़ते यात्री दबाव और लगातार मिल रही शिकायतों को देखते हुए रेलवे ने कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने का निर्णय लिया है.
हेल्पलाइन 139 पर कॉल कर बुला सकेंगे सफाईकर्मी
यात्रियों की सुविधा के लिए सफाईकर्मियों और सुपरवाइजरों को स्लीपर श्रेणी में निर्धारित बर्थ आवंटित की जाएगी. आवश्यकता पड़ने पर यात्री रेलवे की हेल्पलाइन संख्या 139 पर कॉल कर किसी भी समय ओबीएचएस कर्मचारियों को बुलाकर अपने कोच की सफाई करा सकेंगे.
कचरा प्रबंधन की भी होगी बेहतर व्यवस्था
रेलवे द्वारा ऑन बोर्ड हाउसकीपिंग कर्मचारियों को गारबेज बैग उपलब्ध कराए जाते हैं, जिनमें कोचों की सफाई के दौरान एकत्रित कचरे को रखा जाता है. इन बैगों को निर्धारित “क्लीन ट्रेन स्टेशन” पर उतारकर गारबेज डिस्पोजल प्वाइंट तक पहुंचाया जाता है. वहीं, गंतव्य स्टेशन पर पहुंचने के बाद भी ट्रेनों की सफाई कर कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण किया जाता है.
प्रत्येक एसी कोच में रहेगा एक अटेंडेंट
धनबाद, कोडरमा और गया जंक्शन होकर चलने वाली ट्रेनों में अब प्रत्येक वातानुकूलित कोच में एक अटेंडेंट की तैनाती सुनिश्चित की जा रही है. ये अटेंडेंट यात्रियों को बेडरोल उपलब्ध कराने, पेयजल की व्यवस्था बनाए रखने, कोच की स्वच्छता पर नजर रखने तथा टिकट जांच कार्य में सहयोग करने की जिम्मेदारी निभाएंगे. रेलवे अधिकारियों के अनुसार प्रत्येक एसी कोच में अलग अटेंडेंट की तैनाती से बेडशीट, कंबल, तकिया और तौलिया जैसी सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों में कमी आई है तथा यात्रियों को बेहतर सेवा मिल रही है.
यात्रियों को मिलेगा स्वच्छ और सुविधाजनक सफर
रेलवे की इस पहल का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को साफ-सुथरा, आरामदायक और परेशानी मुक्त सफर उपलब्ध कराना है. सफाईकर्मियों और सुपरवाइजरों की संख्या बढ़ने से कोचों की नियमित निगरानी होगी, जिससे स्वच्छता संबंधी शिकायतों में कमी आने की उम्मीद है.
