Bandgaon: नकटी पंचायत के मुखिया सह विधायक प्रतिनिधि मिथुन गागराई ने मानवता और सामाजिक जिम्मेदारी का परिचय देते हुए ईंट भट्ठे में कार्य कर रहे तीन नाबालिग बच्चों को बाल श्रम से मुक्त कराया. उन्होंने बच्चों के अभिभावकों से बातचीत कर उन्हें विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित किया तथा तीनों बच्चों की पढ़ाई का पूरा खर्च वहन करने की जिम्मेदारी भी ली.
बाल श्रम करवाने वाले के विरुद्ध की जाएगी कानूनी कार्रवाई
मुखिया मिथुन गागराई ने कहा कि विद्यालय जाने की उम्र वाले प्रत्येक बच्चे को शिक्षा से जोड़ना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है. उन्होंने स्पष्ट कहा कि पंचायत क्षेत्र में किसी भी बच्चे से बाल श्रम नहीं कराया जाएगा और ऐसे मामलों की जानकारी मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने ईंट भट्ठा संचालकों एवं मालिकों से अपील करते हुए कहा, कि किसी भी नाबालिग बच्चे से मजदूरी या किसी प्रकार का कार्य न कराया जाए. यदि कोई ईंट भट्ठा संचालक या अन्य व्यक्ति नाबालिग बच्चों से काम कराते हुए पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध बाल श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) कानून के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
मुखिया मिथुन गागराई ने कहा कि बच्चों का भविष्य मजदूरी नहीं, बल्कि शिक्षा से संवरता है. पंचायत स्तर पर यह सुनिश्चित किया जाएगा, कि सभी नाबालिग बच्चे नियमित रूप से विद्यालय जाएं और उन्हें आवश्यक शैक्षणिक सहयोग उपलब्ध कराया जाए. इस पहल की स्थानीय लोगों ने सराहना करते हुए कहा, कि इससे बाल श्रम उन्मूलन और बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में सकारात्मक संदेश जाएगा.
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