रांची: आगामी त्यौहारों ईद, सरहुल और रामनवमी को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है. इसी कड़ी में रविवार को रांची जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा केंद्रीय शांति समिति के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई. इस बैठक में DC, SSP, SDO सहित शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के सभी DSP और थानेदार मुख्य रूप से उपस्थित रहे. इनके साथ ही शांति समिति के सदस्यों और विभिन्न धर्मावलंबियों के प्रतिनिधियों ने भी अपनी बात रखी.

प्रशासन द्वारा दिए गए मुख्य दिशा-निर्देश
– सोशल मीडिया पर पैनी नजर: भड़काऊ पोस्ट या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी.
– ड्रोन और सीसीटीवी से निगरानी: शोभायात्रा और संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा के लिए ड्रोन कैमरों और अतिरिक्त सीसीटीवी का उपयोग किया जाएगा.
– असामाजिक तत्वों पर कार्रवाई: पुलिस को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों के दागी और असामाजिक तत्वों को चिह्नित कर उन पर निरोधात्मक कार्रवाई करें.
– वॉलिंटियर्स का समन्वय: शांति समिति के सदस्यों से कहा गया है कि वे अपने क्षेत्रों में वॉलिंटियर्स की सूची पुलिस को सौंपें ताकि भीड़ नियंत्रण में आसानी हो.
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नागरिक सुविधाओं के लिए सुझाव
– सफाई व्यवस्था: सरहुल और रामनवमी की शोभायात्रा के रूटों पर विशेष सफाई अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है.
– बिजली और पानी: जुलूस के दौरान बिजली के झूलते तारों को दुरुस्त करने और गर्मी को देखते हुए विभिन्न स्थानों पर पेयजल के टैंकर उपलब्ध कराने की बात कही गई.
– सड़क मरम्मत: खराब सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर ठीक करने का आग्रह किया गया ताकि श्रद्धालुओं को दिक्कत न हो.
आपसी भाईचारे की अपील
रांची एसएसपी ने बैठक में स्पष्ट किया कि पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से जनता के सहयोग के लिए तैयार है. उन्होंने लोगों से अपील की कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत अपने नजदीकी थाने को दें. बैठक का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि रांची अपनी गंगा-जमुनी तहजीब को बरकरार रखते हुए इन त्यौहारों को हर्षोल्लास के साथ मनाएगी.

