रांची : झारखंड उच्च न्यायालय में सोमवार को महिलाओं और छात्राओं के साथ बढ़ते अपराध तथा छेड़छाड़ की घटनाओं पर रोक लगाने संबंधी जनहित याचिका पर सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से कमेटी गठन के लिए प्रस्तावित सदस्यों की सूची पेश की गई. अदालत ने सूची को स्वीकार करते हुए उसमें शामिल पांच नामों को कमेटी के रूप में अधिसूचित करने का निर्देश दिया. मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ में हुई. अगली सुनवाई 26 मार्च को निर्धारित की गई है.

सुरक्षा उपायों पर अमल को लेकर सरकार से जवाब तलब
पिछली सुनवाई में अदालत ने राज्य सरकार को वर्ष 2024 में झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा दिए गए सुरक्षा संबंधी सुझावों को लागू करने के लिए कमेटी बनाने और इस पर शपथपत्र दाखिल करने का निर्देश दिया था. प्राधिकार की ओर से कहा गया था कि महिलाओं और बच्चों से जुड़े हेल्पलाइन नंबर सक्रिय रखे जाएं और उनका व्यापक प्रचार-प्रसार हो. साथ ही प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने, खराब कैमरों की मरम्मत, स्कूल बसों में महिला स्टाफ की नियुक्ति और स्कूलों में शिकायत पेटी की व्यवस्था सुनिश्चित करने जैसे ठोस कदम उठाए जाएं.

