Ranchi: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रांची रिंग रोड स्थित जगुआर कैंपस में बनने वाले दिशोम गुरु शिबू सोरेन आवासीय विद्यालय को लेकर अधिकारियों के साथ अहम बैठक की. इस दौरान स्कूल निर्माण और संचालन की पूरी योजना पर विस्तार से चर्चा की गई और अधिकारियों ने प्रेजेंटेशन के जरिए पूरी जानकारी दी.
इस प्रस्तावित आवासीय विद्यालय में कक्षा 1 से 12 तक पढ़ाई होगी. खास बात यह है कि शहीद पुलिसकर्मियों, आर्मी और केंद्रीय अर्धसैनिक बल (CPMF) के जवानों के बच्चों को यहां प्राथमिकता दी जाएगी. सरकार का उद्देश्य इन बच्चों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है.
जमीन चिन्हित करने का काम जल्द से जल्द पूरा करने का निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि स्कूल के लिए जमीन चिन्हित करने का काम जल्द से जल्द पूरा किया जाए और निर्माण कार्य में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि स्कूल का संचालन उत्कृष्ट विद्यालय के स्तर का होना चाहिए.
मुख्यमंत्री ने स्कूल को पूरी तरह आधुनिक और हाईटेक बनाने पर जोर दिया. उन्होंने स्मार्ट क्लासरूम, लाइब्रेरी, आईसीटी लैब, खेल मैदान और अन्य जरूरी सुविधाओं को शामिल करने के निर्देश दिए. साथ ही कक्षा 6 से 12 तक के छात्रों के लिए बेहतर हॉस्टल सुविधा सुनिश्चित करने को कहा.
अस्पताल को लेकर भी हुई चर्चा
बैठक में जैप-10, होटवार (रांची) में पुलिस परिवारों के लिए बनने वाले अस्पताल पर भी चर्चा हुई. अधिकारियों ने बताया कि यह अस्पताल पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड पर चलेगा, जिसमें शुरुआत में 50 बेड होंगे और जरूरत के अनुसार इसे बढ़ाकर 100 बेड तक किया जाएगा.
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि अस्पताल में आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं और विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि पुलिस परिवारों को बेहतर इलाज मिल सके. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि शहीदों और जवानों के बच्चों को अच्छी शिक्षा देना सरकार की प्राथमिकता है. साथ ही उन्होंने सभी सुविधाओं को उच्च गुणवत्ता का बनाने पर जोर दिया. बैठक में मुख्य सचिव, डीजीपी समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे.
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