Gumia: बोकारो एवं हजारीबाग जिलों के बीच बहने वाली कोनार नदी का अस्तित्व आज खतरे में है. अपने अंतिम पड़ाव में यह नदी अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही है. अवैध माइनिंग माफिया नदी की धार को मोड़कर अवैध माइनिंग कर रहे हैं. नदी के किनारे बड़े-बड़े मोटर पंप से पानी निकाल कर मशीनों से पत्थरों को तोड़कर ट्रैक्टर से क्रशरों तक पहुंचाई जा रही है. बरसों पूर्व इस नदी की सुंदरता देखते बनती थी. लोग नए साल में अपने परिवार के साथ खुशियों का पल बिताने आते थे. लेकिन आज इस नदी में मजदूरों को पत्थर तोड़ते हुए और ट्रैक्टरों से ढोते हुए दिन के उजाले में देखा जा सकता है. यहां बेखौफ होकर पत्थर तोड़ने का काम किया जा रहा है. पत्थर माफिया इस नदी से मोटी रकम कमा रहे हैं.

कोनार नदी के सहारे हजारों परिवार
आज यह नदी आस देख रही है कि कोई इसके अस्तित्व को बचाए. इस नदी के पानी से हजारों घरों तक पीने योग्य पानी पहुंचता है और इस पानी के सहारे हजारों परिवार अपने दिनचर्या का काम करते हैं. इस संबंध में बोकारो जिला खनन पदाधिकारी से कई बार संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन संपर्क नहीं हो सका. वहीं माइनिंग के एक और अधिकारी सीताराम टुडू से बात करने पर उन्होंने बताया कि दो बार मामला दर्ज किया गया है. आगे उन्होंने मामले की जांच करने की बात कही.

