Chaibasa : पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित सभागार में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में जिले के पेट्रोल पंप संचालकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. बैठक में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी गौतम कुमार सहित बीपीसीएल, IOCL एवं HPCL से जुड़े विभिन्न पेट्रोल पंप संचालक उपस्थित रहे. बैठक के दौरान उपायुक्त ने जिले के सभी पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल एवं डीजल की उपलब्धता, निर्बाध आपूर्ति तथा नियमित संचालन की स्थिति की समीक्षा की. उन्होंने आम उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण एवं सुगम सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष बल दिया.
पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य
उपायुक्त ने सभी पेट्रोल पंपों पर स्वच्छ एवं उपयोगी शौचालय, सुरक्षित पेयजल की व्यवस्था तथा ईंधन की गुणवत्ता और मापदंडों की जांच से संबंधित अभिलेखों के नियमित संधारण को सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना पेट्रोल पंप संचालकों की प्राथमिक जिम्मेदारी है. अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने निर्देश दिया कि सभी पेट्रोल पंपों पर अग्निशमन उपकरण पूरी तरह क्रियाशील अवस्था में उपलब्ध रहें तथा उनकी नियमित जांच की जाए. साथ ही सुरक्षा की दृष्टि से परिसर के भीतर और बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों का सुचारू संचालन सुनिश्चित करने को कहा. पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उपायुक्त ने उपलब्ध भूमि के अनुसार पेट्रोल पंप परिसरों में पौधारोपण और हरित क्षेत्र विकसित करने पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि स्वच्छ एवं हरित वातावरण न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक होगा, बल्कि ग्राहकों के लिए भी बेहतर माहौल उपलब्ध कराएगा.
पेट्रोल पंप कर्मियों की सुरक्षा पर भी की गई चर्चा
बैठक में पेट्रोल पंप कर्मियों की सुरक्षा पर भी चर्चा की गई. उपायुक्त ने सभी कर्मचारियों को आवश्यक सेफ्टी टूल्स और सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने का निर्देश दिया. इसके अलावा प्रत्येक पेट्रोल पंप पर अस्पताल, पुलिस, अग्निशमन विभाग, तेल कंपनियों के अधिकारियों तथा अन्य आपातकालीन सेवाओं के संपर्क नंबर प्रमुखता से प्रदर्शित करने को कहा गया. मुख्य सड़क पर दूरी सहित “आगे पेट्रोल पंप है” संबंधी संकेतक बोर्ड लगाने पर भी बल दिया गया. सड़क सुरक्षा अभियान के तहत हेलमेट उपयोग को बढ़ावा देने के लिए उपायुक्त ने सभी पेट्रोल पंप संचालकों से सहयोग की अपील की और एक हजार हेलमेट वितरण कार्यक्रम में सहभागिता सुनिश्चित करने का अनुरोध किया. इसके अलावा जिला प्रशासन द्वारा आयोजित रक्तदान शिविर में भी सक्रिय भागीदारी देने की अपील की गई. बैठक के अंत में उपायुक्त ने कहा कि पेट्रोल पंप केवल ईंधन आपूर्ति केंद्र नहीं हैं, बल्कि आम नागरिकों को आवश्यक सुविधाएं और सुरक्षा प्रदान करने वाले महत्वपूर्ण सेवा केंद्र हैं. इसलिए सभी संचालकों को निर्धारित मानकों का पालन करते हुए बेहतर सेवा, सुरक्षा और सामाजिक उत्तरदायित्व का निर्वहन सुनिश्चित करना चाहिए.
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