Ranchi: उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक व धांधली मामले में कृष्णा कुमार की अग्रिम जमानत याचिका (एबीपी) पर सुनवाई हुई. आरोपी की ओर से कोई उपस्थित नहीं हुआ, जिसके कारण अदालत ने अगली तिथि निर्धारित कर दी. अब इस मामले में सुनवाई 20 जुलाई को होगी.
मास्टरमाइंड समेत कई आरोपी अब भी जेल में
मास्टरमाइंड अतुल वत्स तथा गिरोह के सदस्य विकास कुमार, आशीष कुमार, मुकेश कुमार व बिहार से पकड़े गए तीन सदस्यों सहित आठ आरोपी अभी भी जेल में बंद हैं. उनके अलावा पांच अभ्यर्थी भी जेल में हैं.
क्या है पूरा मामला
बताते चलें कि उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा 13 अप्रैल को आयोजित होने वाली थी. 12 अप्रैल की रात अभ्यर्थियों को उत्तर रटवाए जा रहे थे. मामले में अभ्यर्थियों सहित 166 आरोपियों को तमाड़ पुलिस ने रड़गांव से गिरफ्तार किया था. उसमें सरगना सहित पांच मास्टरमाइंड, सात महिलाएं व 152 अभ्यर्थी सहित 164 आरोपी शामिल हैं.
जमानत पर पहले भी हुई सुनवाई
जमानत के लिए 83 याचिकाएं दाखिल की गई थीं, जिसमें 78 याचिकाओं पर सुनवाई के बाद आरोपियों को जमानत दी गई. अदालत ने सुनवाई के दौरान केस डायरी की मांग की. लेकिन तमाड़ पुलिस ने केस डायरी प्रस्तुत नहीं की. जिसके कारण सुनवाई तीन बार टल चुकी थी. इस पर अदालत ने अंतिम मौका देते हुए अगली तारीख तक हर हाल में केस डायरी प्रस्तुत करने का निर्देश दिया. उसके बाद केस डायरी प्रस्तुत की गई और आरोपियों को जमानत मिल गई थी.
रड़गांव नर्सिंग कॉलेज में हुआ था खुलासा
तमाड़ थाना क्षेत्र के रड़गांव स्थित निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज में पुलिस छापेमारी के दौरान इस बड़े रैकेट का खुलासा हुआ था. जांच में सामने आया कि परीक्षा से पहले अभ्यर्थियों को प्रश्नों के उत्तर रटवाए जा रहे थे और संगठित गिरोह इस धांधली को अंजाम दे रहा था. अभ्यर्थियों से परीक्षा के पहले तीन लाख रुपये तथा नियुक्ति के समय 10 लाख रुपये देने की बात तय हुई थी. लेकिन रड़गांव में इतनी संख्या में लोगों के जमा होने पर ग्रामीणों को नक्सली या आपराधिक गतिविधियों का शक हुआ. इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ.
