Giridih : रांची सीआईडी की विशेष टीम ने गिरिडीह जिले के कोलडीहा इलाके में छापेमारी कर दो युवकों को गिरफ्तार किया. आरोप है कि दोनों नाबालिग लड़कियों के आपत्तिजनक और अश्लील वीडियो ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से बेचने वाले एक संगठित नेटवर्क से जुड़े हुए थे. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हसन राजा और मो. मोहब अंसारी के रूप में हुई है.
जानकारी के अनुसार यह कार्रवाई रांची सीआईडी की साइबर टीम द्वारा गुप्त सूचना और तकनीकी जांच के आधार पर की गई. पूरी छापेमारी डीएसपी अर्चना स्मृति खल्को के नेतृत्व की गयी. टीम ने दोनों आरोपियों को उनके घर से हिरासत में लिया. छापेमारी के दौरान इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल सामग्री भी जब्त किए जाने की सूचना है. जिनकी फोरेंसिक जांच की जा रही है.
हैदराबाद से शुरू हुई जांच, झारखंड तक पहुंची कड़ी
सूत्रों के अनुसार इस पूरे मामले की शुरुआत हैदराबाद पुलिस के साइबर सेल से हुई. वहां जांच के दौरान एक नाबालिग लड़की का आपत्तिजनक वीडियो बरामद हुआ था. तकनीकी विश्लेषण और डिजिटल ट्रैकिंग में यह पता चला कि वीडियो का स्रोत झारखंड से जुड़ा हुआ है. इसके बाद मामला रांची सीआईडी को ट्रांसफर कर दिया गया. रांची सीआईड ने मामले की जांच शुरू की.

टेलीग्राम के जरिये करते थे काम
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी एक संगठित नेटवर्क के तहत काम कर रहे थे. आरोप है कि गिरोह नाबालिग बच्चियों के आपत्तिजनक वीडियो बनाकर उन्हें अलग अलग ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बेचता था. इसके लिए टेलीग्राम पर विशेष चैनल बनाए गए थे, जहां ग्राहक को जोड़कर वीडियो शेयर किए जाते थे. कुछ वेबसाइट्स पर भी इस तरह की सामग्री बेचने के संकेत मिले हैं.
जांच एजेंसियों का मानना है कि नेटवर्क अन्य राज्यों में भी सक्रिय है. अब डिजिटल फोरेंसिक विशेषज्ञ मोबाइल डेटा, सोशल मीडिया अकाउंट्स, बैंकिंग ट्रांजेक्शन और ऑनलाइन भुगतान प्रणाली की भी जांच कर रहे हैं.
आईटी एक्ट और पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज
सीआईडी अधिकारियों ने बताया कि दोनों आरोपियों के खिलाफ सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (आईटी एक्ट) और पोक्सो एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. दोनों से रांची में पूछताछ की जा रही है.
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