Ranchi: जनवरी से लेकर अब तक यानी 12 अगस्त तक 185 अधिकारियों और कर्मियों पर गाज गिर चुकी है. इसमें 42 अधिकारयों-कर्मचारियों पर सीधे तौर पर वित्तीय अनियमितता का आरोप लगा है. इसमें से सबसे अधिक अधिकारी-कर्मचारी ग्रामीण विकास विभाग और भू राजस्व विभाग के हैं. इसमें से 110 अफसरों और कर्मचारियों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. वहीं, 33 ऐसे अफसर और कर्मचारी हैं जिनके खिलाफ प्रोटोकॉल उल्लंघन का मामला पाया गया है.
जनवरी से लेकर अगस्त तक 12000 अधिकारियों और कर्मियों ने छुट्टी ली
जनवरी से लेकर अगस्त तक 12 हजार अधिकारियों और कर्मियों ने विभिन्न तरह की छुट्टी ली. इसमें पितृत्व और मातृत्व अवकाश भी शामिल हैं. इसमें से 4500 अधिकारियों और कर्मचारियों ने उपार्जित अवकाश लिया. इसमें से अधिकांश अधिकारी और कर्मचारी फील्ड पोस्टिंग वाले हैं.
बिना सूचना के गायब रहने वाले 50 से अधिक अधिकारी रडार पर
बिना बताए गायब रहने वाले 50 अधिकारी और कर्मचारी रडार पर हैं. ऐसे 50 से अधिक अधिकारियों को चिन्हित किया है, जो बिना किसी पूर्व सूचना के लंबी छुट्टियों पर पाए गए. इन सभी के खिलाफ अनधिकृत रूप से गायब रहने वाले अधिकारियों को चेतावनी और नोटिस जारी किए गए हैं.
यह भी पढ़ें: झारखंड हाईकोर्ट ने अजय जालान की याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा, मनी लॉन्ड्रिंग मामले से जुड़ा है विवाद

