Hazaribagh : उपायुक्त हेमन्त सती ने समाहरणालय सभागार में पंचायती राज विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की. बैठक में 15वें वित्त आयोग मद से संचालित योजनाओं, ग्राम पंचायतों, पंचायत समितियों तथा जिला परिषद से जुड़े कार्यों की प्रगति का आकलन किया गया. इस दौरान उपायुक्त ने योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और समयबद्ध निष्पादन को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए.
मनरेगा मजदूरों को सामाजिक सुरक्षा योजना से जोड़ने पर जोर
समीक्षा बैठक में उपायुक्त ने झारखंड असंगठित कर्मकार सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत मनरेगा में कार्यरत अधिकाधिक मजदूरों को आच्छादित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ सुनिश्चित किया जाए ताकि जरूरतमंद परिवारों को सरकारी सुविधाओं का सीधा लाभ मिल सके.

स्कूलों में आधारभूत सुविधाओं को मिलेगी प्राथमिकता
उपायुक्त ने 15वें वित्त आयोग की राशि का उपयोग पंचायत स्तर पर विद्यालयों की चहारदीवारी निर्माण, प्लस-टू विद्यालयों में टेबल, पंखा तथा अन्य आवश्यक आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता और मरम्मत कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का निर्देश दिया. उन्होंने शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए पंचायतों की सक्रिय भूमिका पर बल दिया.
सामुदायिक केंद्र, हाट-बाजार और पेयजल व्यवस्था पर विशेष फोकस
बैठक में प्रखंड स्तर पर सामुदायिक केंद्रों को मजबूत बनाने के निर्देश दिए गए. साथ ही सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों के हाट-बाजारों की बंदोबस्ती सुनिश्चित करने और स्वीकृत योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने को कहा गया. उपायुक्त ने खराब पड़े चापानलों एवं जलमीनारों की शीघ्र मरम्मत कर उन्हें पुनः चालू कराने पर विशेष बल दिया, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट की समस्या दूर हो सके.
पंचायत और प्रखंड परिसरों को बनाया जाएगा आकर्षक
उपायुक्त ने पंचायत एवं प्रखंड परिसरों की साफ-सफाई और सौंदर्यीकरण पर जोर देते हुए उन्हें स्वच्छ, सुव्यवस्थित और आकर्षक बनाने के निर्देश दिए. उन्होंने प्रखंड परिसरों में ओपन जिम, बैठने के लिए शेड, पार्किंग तथा अन्य जनसुविधाओं के विकास की दिशा में कार्य करने को कहा.
सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों में लाएं गति
बैठक में पंचायत क्षेत्रों की आवश्यक सड़कों पर पीसीसी निर्माण तथा क्षतिग्रस्त सड़कों के गड्ढों की मरम्मत कराने का निर्देश भी दिया गया. उपायुक्त ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना प्रशासन की प्राथमिकता है.
योजनाओं की निगरानी और अभिलेखों के संधारण पर सख्ती
उपायुक्त ने सभी बीडीओ को अपने-अपने प्रखंडों में व्यय की नियमित समीक्षा करने तथा योजनाओं की वित्तीय एवं भौतिक प्रगति पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया. उन्होंने ब्लॉक कॉर्डिनेटरों को सभी संचिकाओं का व्यवस्थित संधारण सुनिश्चित करने को कहा. उन्होंने ग्राम सभा अनुमोदन, कार्यकारिणी बैठक, मेजरमेंट बुक, जियो-टैग फोटोग्राफ एवं अन्य अभिलेखों को अद्यतन रखने पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया, ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बनी रहे.
पंचायत ज्ञान केंद्र और सचिवालय सेवाओं की भी हुई समीक्षा
समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने पंचायत ज्ञान केंद्रों की स्थिति का भी आकलन किया. उन्होंने पंचायत सचिवालयों में उपलब्ध सभी जनसेवाओं को नियमित और सुचारू रूप से संचालित करने का निर्देश दिया, ताकि ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर ही आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हो सकें.
जर्जर भवनों की पहचान कर होगी कार्रवाई
उपायुक्त ने प्रखंड परिसरों में स्थित पुराने एवं जर्जर भवनों की पहचान कर आवश्यक वैधानिक प्रक्रिया पूरी करते हुए उन्हें ध्वस्त करने की कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उनका कहना था कि ऐसे भवन सुरक्षा की दृष्टि से खतरा बन सकते हैं.
बैठक में रहे मौजूद
समीक्षा बैठक में उपायुक्त हेमन्त सती के अलावा उप विकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, डीपीएम सहित विभाग के अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे.
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