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कोडरमा:जे जे कॉलेज को सर जेसी बोस विश्वविद्यालय, गिरिडीह में स्थानांतरित करने का विरोध

Koderma: जेजे कॉलेज बचाओ संघर्ष समिति, कोडरमा का एक प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को झारखंड के महामहिम राज्यपाल से लोक भवन में मिला और...

Koderma: जेजे कॉलेज बचाओ संघर्ष समिति, कोडरमा का एक प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को झारखंड के महामहिम राज्यपाल से लोक भवन में मिला और उन्हें एक ज्ञापन पत्र सौंपा. प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार द्वारा जारी उस गजट प्रकाशन का कड़ा विरोध जताया, जिसके तहत जे जे कॉलेज सहित कोडरमा जिला को विनोबा भावे विश्वविद्यालय (हजारीबाग) से हटाकर गिरिडीह स्थित सर जेसी बॉस विश्वविद्यालय में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया है.

महामहिम से मांग की 

​प्रतिनिधिमंडल ने महामहिम राज्यपाल से मांग की कि इस छात्र विरोधी- जनविरोधी गजट को तत्काल वापस लिया जाए तथा जे जे कॉलेज को पूर्व की भांति विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से ही संबद्ध रखा जाए. समिति ने सरकार के इस निर्णय से छात्र-छात्राओं के भविष्य, शैक्षणिक व्यवस्था एवं कोडरमा जिले की शिक्षा व्यवस्था के लिए घातक साबित होगा. समिति ने कोडरमा जिले के शैक्षणिक समस्याओं पर ध्यानाकर्षण कराया. साथ ही कोडरमा जिले में उच्चतर शिक्षा में शिक्षकों की भारी कमी दूर करने की भी बात रखी.

लोकतान्त्रिक तरीके से आंदोलन तेज करेंगे 

​इस प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से संरक्षक राम रतन अवध्या, अध्यक्ष महेश भारती, सचिव देवेंद्र कुमार, सह-सचिव मो. अली शाद एवं मीडिया प्रभारी रवि पासवान शामिल थे. महामहिम को ज्ञापन सौंपने के बाद ​संरक्षक राम रतन अवध्या ने कहा की “जे जे कॉलेज को जबरन दूसरे विश्वविद्यालय में स्थानांतरित करना छात्रों के हितों के खिलाफ है. कोडरमा की जनता इस अन्याय को कभी स्वीकार नहीं करेगी. सरकार को तुरंत यह निर्णय वापस लेना चाहिए. अध्यक्ष महेश भारती ने हुंकार भरते हुए कहा की हम कोडरमा जिला की शिक्षा बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं. जे जे कॉलेज को विनोबा भावे विश्वविद्यालय से हटाना छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है. जब तक सरकार गजट वापस नहीं लेती, हमारा संघर्ष जारी रहेगा. ​सचिव देवेंद्र कुमार ने प्रशासनिक दिक्कतों को रेखांकित करते हुए कहा, सरकार का यह फैसला छात्रों पर अतिरिक्त बोझ डालने वाला है. विश्वविद्यालय परिवर्तन से छात्रों की पढ़ाई, परीक्षा एवं प्रशासनिक कार्यों पर बुरा असर पड़ेगा.  हम लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन को और तेज करेंगे.

युवाओं की आवाज दबाया नहीं जा सकता है 

​सह सचिव मो.अली शाद ने कहा की छात्र-युवाओं की आवाज को दबाया नहीं जा सकता. सरकार को जनभावनाओं का सम्मान करते हुए तत्काल इस गजट को रद्द करना चाहिए. मीडिया प्रभारी रवि पासवान ने एकजुटता पर बल देते हुए कहा की जे जे कॉलेज को बचाने के लिए कोडरमा का छात्र-युवा पूरी तरह एकजुट है. यह केवल एक कॉलेज का सवाल नहीं, बल्कि पूरे जिले की शिक्षा व्यवस्था और हमारे भविष्य का सवाल है. ​

आश्वासन मिला 

प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए महामहिम राज्यपाल ने आश्वासन दिया कि वे इस मामले को लेकर राज्य सरकार को पत्र भेजकर समाधान निकालने की पहल करेंगे. उन्होंने कहा कि समिति के ज्ञापन के आधार पर शिक्षा मंत्री को पत्र भेजा जाएगा और समिति व छात्र-छात्राओं के साथ संवाद स्थापित कर इसका उचित रास्ता निकाला जाएगा.

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