Click Here
Click Here
Click Here
Click Here
Click Here

लोहरदगा : स्वास्थ्य जांच शिविर में छात्र-छात्राओं की सेहत की जांच, वक्ताओं ने कहा- ‘स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मस्तिष्क का वास’

Lohardaga: सरस्वती विद्या मंदिर इंटर महाविद्यालय, लोहरदगा में स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया. इस मौके पर छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य को...

Lohardaga: सरस्वती विद्या मंदिर इंटर महाविद्यालय, लोहरदगा में स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया. इस मौके पर छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए व्यापक जांच की गयी. ऊंचाई, वजन, रक्तचाप (बीपी) समेत अन्य आवश्यक परीक्षण किए गए. साथ ही छात्रों को स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए गए. कार्यक्रम की शुरुआत वंदना सभा के साथ हुई, जिसके बाद स्वास्थ्य जागरूकता पर विशेष सत्र आयोजित किया गया. मौके पर महाविद्यालय के प्रधानाचार्य बिपिन कुमार दास ने कहा कि स्वस्थ जीवन के लिए योग और संतुलित आहार अत्यंत आवश्यक हैं. उन्होंने छात्रों को नियमित दिनचर्या अपनाने और मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य के संतुलन पर जोर दिया.

यह भी पढ़ें : हजारीबाग: 36 हजार बीयर की बोतलों पर चला बुलडोजर, गोदाम से आया एक्सपायर्ड स्टॉक

जीवन के लिए अच्छी सेहत जरूरी : कविता कुमारी

इस दौरान कविता कुमारी (दीदीजी) ने बौद्धिक सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि “स्वास्थ्य, जीवन का सबसे महत्वपूर्ण अंग है.” उन्होंने विद्यार्थियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, पौष्टिक आहार लेने और नियमित योग-व्यायाम करने की सलाह दी. उन्होंने यह भी बताया कि अच्छी आदतें ही दीर्घकालिक स्वास्थ्य का आधार बनती हैं. ऋद्धि दीदीजी ने भी छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क का वास होता है. उन्होंने विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच रखने और तनावमुक्त जीवन जीने की प्रेरणा दी. स्वास्थ्य शिविर में महाविद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं नीतू कुमारी, रेणु कुमारी, रश्मि साहू, सनोज कुमार साहू, रितेश कुमार पाठक, शिखा राय, रोहित कुमार, आरती भगत सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे.

यह भी पढ़ें : रांची: कई इलाकों में गुरुवार को बिजली कटौती, किए जाएंगे केबल व मेंटेनेंस कार्य

गुरु तेग बहादुर की जयंती धूमधाम से मनायी गयी

इसी मौके पर वंदना सभा में गुरु तेग बहादुर की जयंती भी श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई. कार्यक्रम में इतिहास के आचार्य रोहित कुमार ने गुरु तेग बहादुर के जीवन और उनके महान बलिदान पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि गुरु तेग बहादुर ने सिख धर्म के गुरु होते हुए भी सनातन धर्म की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया. उनका बलिदान भारतीय इतिहास में अद्वितीय है और आज भी हमें धर्म, साहस और मानवता की रक्षा के लिए प्रेरित करता है. कार्यक्रम के अंत में छात्रों को गुरु तेग बहादुर के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने का संदेश दिया गया. इस प्रकार यह आयोजन स्वास्थ्य जागरूकता और नैतिक मूल्यों के संगम के रूप में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *