Koderma: जिले के प्रतिष्ठित जगन्नाथ जैन (जेजे) कॉलेज सहित जिले के सभी अंगीभूत एवं मान्यता प्राप्त महाविद्यालयों को विनोबा भावे विश्वविद्यालय (विभवि), हजारीबाग से हटाकर नवनिर्मित सर जेसी बोस विश्वविद्यालय, गिरिडीह से संबद्ध करने के सरकारी फैसले के खिलाफ विरोध तेज हो गया है. इसी कड़ी में ‘जेजे कॉलेज बचाओ संघर्ष समिति’ ने झारखंड के वरिष्ठ विधायक सरयू राय के कोडरमा आगमन पर परिसदन में मुख्य संरक्षक राम रतन अवध्या के नेतृत्व में अध्यक्ष महेश भारती, सचिव देवेंद्र कुमार एवं सह सचिव मो. अली शाद ने संयुक्त रूप से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा.
सरकारी फैसले को बताया अव्यावहारिक
ज्ञापन सौंपने के दौरान संघर्ष समिति के सदस्यों ने विधायक सरयू राय को बताया कि जेजे कॉलेज सहित जिले के तमाम डिग्री कॉलेजों को विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से हटाकर सर जेसी बोस विश्वविद्यालय, गिरिडीह से जोड़ने का निर्णय छात्रों और अभिभावकों के लिए परेशानी बढ़ाने वाला है.
उन्होंने कहा कि हजारीबाग की दूरी जहां लगभग 55 किलोमीटर है, वकोडरमा के कॉलेजों को गिरिडीह यूनिवर्सिटी से जोड़ने का विरोध तेज,हीं गिरिडीह की दूरी करीब 130 किलोमीटर है. इससे छात्र-छात्राओं की उच्च शिक्षा प्रभावित होगी और अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा. संघर्ष समिति ने कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ इस तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
ALSO READ: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर झारखंड भाजपा करेगी 595 मंडलों में योग कार्यक्रम
फैसला वापस नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
समिति ने इस फैसले को तर्कहीन बताते हुए सरकार पर इसे वापस लेने का दबाव बनाने का आग्रह किया. वहीं संघर्ष समिति ने दोटूक कहा है कि यदि सरकार ने अपना गजट नोटिफिकेशन वापस नहीं लिया और कोडरमा के कॉलेजों को विनोबा भावे विश्वविद्यालय के तहत ही रहने की मंजूरी नहीं दी, तो आने वाले दिनों में पूरे जिले में उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा.


