Ranchi : रांची पुलिस को उग्रवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में एक बहुत बड़ी सफलता हाथ लगी है.
एसएसपी राकेश रंजन को मिली गुप्त सूचना के आधार पर रांची पुलिस की टीम ने प्रतिबंधित नक्सली संगठन पीएलएफआई (पीपुल लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया) के स्टेट चीफ (प्रमुख) अमृत होरो उर्फ मेचो उर्फ सूर्या को हथियारों और जिंदा कारतूसों के साथ गिरफ्तार कर लिया है.अमृत होरो पर झारखंड सरकार द्वारा 10 लाख रुपये का इनाम घोषित था. अमृत के खिलाफ रांची, खूंटी, लोहरदगा, और गुमला जिले में कुल 60 मामले दर्ज है.
16 वर्षों से राज्य में सक्रिय रहकर कई बड़ी नक्सली घटनाओं को अंजाम दे रहा था:
शुक्रवार को अपने कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए एसएसपी राकेश रंजन ने कहा कि अमित होरो वह पिछले 16 वर्षों से राज्य में सक्रिय रहकर कई बड़ी नक्सली घटनाओं को अंजाम दे रहा था. इसकी गिरफ्तारी से पीएलएफआइ संगठन का शीर्ष नेतृत्व पूरी तरह से खत्म हो गया है.
गुप्त सूचना पर पुलिस ने बिछाया जाल:
एसएसपी गुप्त सूचना मिली थी कि पीएलएफआई का स्टेट चीफ अमृत होरो (उम्र करीब 34 वर्ष) अपने साथियों के साथ आधुनिक हथियारों से लैस होकर लापुंग थाना क्षेत्र के महगांव जंगल के आसपास घूम रहा है और किसी बड़ी उग्रवादी घटना को अंजाम देने की फिराक में है. इस सूचना की पुष्टि के बाद ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया. पुलिस की टीम ने देर रात महगांव जंगल के पास घेराबंदी की, जिसके बाद हथियारों से लैस अमृत होरो को धर-दबोचा गया.
व्यापारियों से वसूलता था लेवी, दर्ज हैं 60 से अधिक मामले:
पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार उग्रवादी ने स्वीकार किया कि वह पीएलएफआई का स्टेट चीफ है. उसने खुलासा किया कि वह और उसके संगठन के सदस्य फोन और सोशल मीडिया ऐप्स के जरिए क्षेत्र के व्यापारियों, ठेकेदारों और प्रतिष्ठित व्यक्तियों को जान से मारने की धमकी देकर मोटी लेवी (रंगदारी) वसूलते थे. अमृत होरो के खिलाफ रांची, खूंटी, गुमला और लोहरदगा सहित विभिन्न जिलों में 60 से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या, रंगदारी, आगजनी और लेवी मांगने जैसी धाराएं शामिल हैं.
अमृत होरो के कुछ प्रमुख नक्सली कांड:
– वर्ष 2023 (लापुंग थाना): हुलसू निवासी राजेश कुमार साहू की वर्चस्व दिखाने के लिए गोली मारकर हत्या.
– वर्ष 2024 (लापुंग थाना): लोहागड़ नदी पर जल मीनार बना रहे ठेकेदार से 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगना और धमकी देना.
– वर्ष 2026, अप्रैल (कर्रा थाना, खूंटी): पिसका लोधमा लिंक रेल लाइन परियोजना के पास नरसिंह कंस्ट्रक्शन कंपनी के रोड रोलर को आग लगाना और ठेकेदार से 50 लाख की लेवी मांगना.
– वर्ष 2024 (कामडारा थाना, गुमला):ठेकेदारों को डरा-धमका कर विकास कार्यों को बाधित करने के आरोप में UAPA के तहत मामला.
– वर्ष 2025 (पिठोरिया थाना, रांची): नामचीन कारोबारी संजय सिंह उर्फ मंटू सिंह से उनके हर प्रोजेक्ट में 5% सहयोग राशि (लेवी) की मांग करना.
– वर्ष 2026 (कैरो थाना, लोहरदगा):जन वितरण प्रणाली के सरकारी राशन दुकान संचालक से 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगना.
– वर्ष 2024 (आनंदपुर थाना, पश्चिमी सिंहभूम): संगठन के अंदर आपसी वर्चस्व की लड़ाई में पीएलएफआई के ही अन्य सदस्य मत्स्य टूटी की हत्या करना.
– इसके अलावा लापुंग, बेडो, नगड़ी, टाटीसिलवे और अरगोड़ा थानों में वर्ष 2011 से लेकर 2025 तक हत्या, आर्म्स एक्ट और सीएलए एक्ट के तहत दर्जनों मामले लंबित हैं.


